किसी नदी को साफ करने का क्या होता है प्रोसेस, कितना होता है खर्च

देश में नमामि गंगे जैसे प्रोजेक्ट्स जोर-शोर से चल रहे हैं.

इसी बीच आइए जानते हैं कि किसी भी नदी को साफ करने में कितना खर्चा आता है और उसकी प्रक्रिया क्या है.

सफाई की प्रक्रिया पानी की सतह पर तैरने वाले कचरे जैस प्लास्टिक की बोतल, पॉलीथीन बैग, कूड़ा करकट और दूसरी चीजों को हटाने से शुरू होती है.

अधिकारी कचरा इकट्ठा करने के लिए ट्रैश स्किमर, नावों और आजकल ऑटोमेटिक रोबोटिक सिस्टम का इस्तेमाल करते हैं.

नदी प्रदूषण का एक बड़ा कारण नालों के जरिए नदियों में मिलने वाला बिना ट्रीट किया हुआ सीवेज और इंडस्ट्रियल कचरा है

छोटे शहरी नालों के लिए सालाना ₹50 लाख से ₹5 करोड़ का बजट लग सकता है और बड़ी नदियों के लिए भारी निवेश की जरूरत होती है.

नमामि गंगे मिशन जैसे प्रोजेक्ट के लिए ₹30,000 करोड़ से ज्यादा का फंड मिला है.