अशोक कुमार जायसवाल, चंदौली. रेलवे लाइन विस्तार परियोजना के विरोध में ग्रामीणों ने प्रदर्शन किया. उन्होंने जमीन अधिग्रहण के खिलाफ उचित मुआवजा और सही सीमांकन की मांग की है. यह प्रदर्शन मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के आगमन के दौरान शांतिपूर्ण ढंग से किया गया. ग्रामीणों का आरोप है कि दो नई रेलवे लाइन बिछाने के लिए उनकी जमीन ली जा रही है. उन्हें न तो उचित मुआवजा दिया गया है और न ही जमीन का सही तरीके से सीमांकन किया गया है. इस परियोजना की जद में कई मकान भी आ गए हैं.
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स्थानीय लोगों का कहना है कि पहले की गई मार्किंग और वर्तमान सीमांकन में अंतर है, जिससे भ्रम की स्थिति बनी हुई है. ग्रामीणों ने बताया कि रेलवे द्वारा पहले जमीन अधिग्रहण के लिए एक अस्थायी सीमांकन किया गया था. अब नए सीमांकन में उनके मकान और अतिरिक्त जमीन भी परियोजना के दायरे में आ रहे हैं.
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उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से अपील की है कि रेलवे और उनकी जमीन का सही सीमांकन किया जाए. ग्रामीणों की मांग है कि रेलवे अपनी जमीन ले और ग्रामीणों को उनकी जमीन वापस मिले. ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगें जल्द पूरी नहीं हुईं तो आंदोलन और तेज किया जाएगा.
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