Korba-Raigarh News Update : कोरबा। पर्यटन स्थल सतरेंगा में नव वर्ष पर पर्यटकों की संख्या बढ़ने के साथ ही अवैध महुआ शराब की बिक्री और इससे होने वाली अशांति भी बढ़ गई है। इसे देखते हुए स्थानीय महिलाओं ने अवैध शराब के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। ग्रामीणों ने पहले ही क्षेत्र में नशाबंदी लागू कर रखी है।


हाथों में डंडे लिए महिलाओं को देखकर अवैध महुआ शराब बनाने और बेचने में जुटे लोग मौके से फरार हो गए। इसके बाद महिला समिति ने जंगल में छिपाकर रखी गई भट्टियों और तैयार की जा रही अवैध शराब को खोज-खोजकर नष्ट किया। महिलाओं ने भट्टी में चढ़ी शराब को भी मौके पर ही बहा दिया। महिला समिति का कहना है कि सतरेंगा एक प्रमुख पर्यटन स्थल बनता जा रहा है और यहां किसी भी तरह की अशांति बर्दाश्त नहीं की जाएगी। ग्रामीणों ने स्पष्ट किया कि नशाबंदी का सख्ती से पालन कराया जाएगा और अवैध शराब के खिलाफ अभियान जारी रहेगा। इस कार्रवाई के बाद गांव में शांति व्यवस्था को लेकर सकारात्मक माहौल देखा जा रहा है। सतरेंगा निवासी गोमती बाई ने बताया कि पर्यटन स्थल पर काफी लोगों का आना-जाना है, लेकिन अवैध शराब की बिक्री से माहौल खराब हो रहा है। यहां मारपीट और गाली-गलौज जैसी घटनाएं सामने आ रही हैं। इसकी शिकायत पहले भी की जा चुकी है, लेकिन अंकुश नहीं लग पा रहा है। गायत्री बाई ने बताया कि छोटे बच्चे भी शराब के आदी हो रहे हैं और बाहर से आने वाले पर्यटक भी यहां महुआ शराब खरीदकर पी रहे हैं, जिससे पर्यटन स्थल का पूरा माहौल बिगड़ रहा है। इसकी शिकायत कलेक्टर से की गई है।
जंगलों में 53 हाथियों की मौजूदगी, वन अमला निगरानी में जुटा
कोरबा। जिले के जंगल हाथियों की चिंघाड़ से थर्रा रहे हैं। बड़ी संख्या में हाथियों की मौजूदगी को देखते हुए वन अमला अलर्ट मोड पर है। लगातार निगरानी के कारण फिलहाल हाथी कोई बड़ा नुकसान नहीं पहुंचा रहे हैं।
कटघोरा व कोरबा वनमंडल में 53 की संख्या में हाथी विचरण कर रहे हैं। जिनमें से 49 हाथी कटघोरा के जटगा रेंज अंतर्गत मुकवा क्षेत्र के पहाड़ तथा दो हाथी इसी डिविजन के एतमानगर रेंज के बालापचरा में विचरण कर रहे हैं। एक-एक लोनर हाथी कोरबा वनमंडल के कुदमुरा तथा करतला रेंज के चिकनीपाली जंगल में मौजूद हैं। हाथियों का दल जंगल ही जंगल विचरण कर रहा है। इसलिए कोई बड़ा नुकसान नहीं हो रहा है। वहीं वन विभाग का निगरानी दल भी हाथियों को लेकर मुस्तैद है और उसकी गहन निगरानी में लगा हुआ है। हाथियों के आबादी वाले क्षेत्र में पहुंचने की सूचना अथवा लोकेशन जैसे ही मिलती है, वन अमला तत्काल मौके पर पहुंचकर हाथियों को खदेड़े के साथ जंगल की ओर वापस लौटा देता है। इससे पहले हाथियों ने उत्पात मचाकर ग्रामीणों के साथ-साथ वन विभाग की नाक में दम कर रखा था। हाथियों का दल प्रतिदिन खेतों तथा बाड़ी में पहुंचकर वहां लगे फसलों को नुकसान पहुंचा रहा था, जिससे क्षेत्रवासी काफी परेशान थे।
युवकों ने तेज रफ्तार कार और बाइक में सायरन बजाकर मचाया हुड़दंग
कोरबा। जिले में कुछ युवकों द्वारा तेज रफ्तार कार और बाइक में पुलिस सायरन का इस्तेमाल करने का मामला सामने आया है। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। पुलिस वाहन चालकों की तलाश में जुटी हुई है। सायरन बजाकर हुड़दंग मचाने वाले युवकों के खिलाफ नियमानुसार कार्यवाही की जाएगी।
सोशल मीडिया में वायरल वीडियो में दिख रही कार का नंबर न तो सरकारी था और न ही टैक्सी परमिट वाला। यह कार पहले भी कई बार सड़क पर तेज रफ्तार में सायरन बजाते हुए देखी गई है। लोग अक्सर इसे किसी अधिकारी या बड़े नेता का वाहन समझते हैं, लेकिन बताया जा रहा है कि इसमें सामान्य युवक सवार थे, जो अक्सर मुख्य सड़कों पर इस तरह की हरकतें करते हैं। इसी तरह बुधवार की रात घंटाघर मुख्य मार्ग में तीन बाइक सवार युवक भी हूटर और लाउडस्पीकर के माध्यम से सायरन बजाते हुए सड़क पर हुड़दंग मचाते दिखे। इन तीन वाहनों में दो एक्टिवा और एक बाइक शामिल थी, जिन पर नंबर प्लेट नहीं थीं। इस हरकत से राहगीरों में डर और असुविधा पैदा हुई। युवक सुभाष चौक से घंटाघर मार्ग होते हुए रवि शंकर मुख्य मार्ग की ओर चले गए। बताया गया है कि इनकी ऐसी हरकतें पिछले कुछ दिनों से देखी जा रही हैं, जिससे शहर में लोगों में चिंता है। शहर में कई कारें ऐसी भी हैं जिन पर ब्लैक फिल्म लगी हुई है और जो सड़क पर तेज गति से दौड़ती दिखाई देती हैं। पुलिस ने इस तरह के वाहनों पर सख्त कार्रवाई की आवश्यकता जताई है। पुलिस ने बताया कि वे अपराधियों और वारंटियों की धरपकड़ के लिए लगातार अभियान चला रहे हैं। इसके साथ ही शराब पीकर वाहन चलाने वालों और सड़क पर नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ नियमित रूप से कार्रवाई जारी है।
डंपर ने बाइक सवार युवकों को मारी टक्कर, एक की मौत दो घायल
रायगढ़। डंपर ने बाइक सवार युवकों को टक्कर मार दी। इस हादसे मे एक युवक की जहां मौत हो गई वहीं अन्य दो युवक गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना से आक्रोशित लोगों ने पूर्व विधायक और कांग्रेस कार्यकर्ताओं के साथ मौके पर चक्काजाम कर दिया।
मामला कोतवाली थाना क्षेत्र का है। जानकारी के मुताबिक ग्राम लोईंग का रहने वाला केशव मेहर (35) अपने दो साथियों के साथ बाइक पर सवार होकर इंदिरा नगर से सर्किट हाउस रोड की ओर जा रहा था। इसी दौरान नगर सेना कार्यालय के पास तेज रफ्तार डंपर ने बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। इस हादसे में बाइक चालक केशव मेहर के सिर और शरीर के अन्य हिस्सों में गंभीर चोट आई, जिससे मौके पर ही उसकी मौत हो गई। वहीं उसके दो साथी गंभीर रूप से घायल हो गए। जानकारी के अनुसार मृतक के पिता पशु विभाग के सेवानिवृत्त कर्मचारी हैं। उक्त घटना की जानकारी पुलिस को दी गई. मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए अस्पताल भेजा और आगे की कार्रवाई में जुट गई। घटना से आक्रोशित स्थानीय लोगों और कांग्रेसी नेताओं ने सड़क पर ब्रेकर निर्माण और मुआवजे की मांग को लेकर चक्काजाम कर दिया। जिससे कुछ देर तक यातायात व्यवस्था बाधित रही, पुलिस के द्वारा प्रदर्शनकारियों को समझाइश के बाद रास्ता खोला जा सका।
42 हजार से अधिक किसानों ने बेचा धान, 2.58 लाख मीट्रिक टन खरीदी
रायगढ़। जिले में समर्थन मूल्य पर धान खरीदी का कार्य सुव्यवस्थित, पारदर्शी और किसान केंद्रित तरीके से लगातार जारी है। जिले के 105 उपार्जन केंद्रों के माध्यम से अब तक 42 हजार से अधिक किसानों ने अपनी उपज का विक्रय किया, जिससे कुल 2 लाख 58 हजार 683.88 मीट्रिक टन धान खरीदी की गई है। धान खरीदी के साथ-साथ उपार्जित धान का समयबद्ध और प्रभावी उठाव भी सुनिश्चित किया जा रहा है। अब तक उपार्जन केंद्रों से 1 लाख 37 हजार 143.90 मीट्रिक टन धान का उठाव किया जा चुका हैए जिससे केंद्रों में भंडारण और खरीदी की प्रक्रिया सुव्यवस्थित और निर्बाध बनी हुई है।
किसानों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए ऑनलाइन टोकन व्यवस्था लागू की गई है। इस डिजिटल सुविधा के माध्यम से किसान आसानी से टोकन लेकर धान विक्रय कर कर रहे हैंए जिससे लंबी कतारों और प्रतीक्षा समय में कमी आई है। जिला प्रशासन द्वारा धान खरीदी प्रक्रिया को निरंतर मॉनिटरिंग की जा रही है। कोचियों और बिचौलियों की गतिविधियों पर कड़ी निगरानी रखते हुए किसी भी प्रकार की अनियमितता पर तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित की जा रही है। कलेक्टर ने कहा है कि वास्तविक किसानों को धान बेचने में किसी भी प्रकार की परेशानी नहीं होनी चाहिए। टोकन प्राप्त करने से लेकर धान तौल एवं भुगतान प्रक्रिया तक किसानों की सुविधाओं का विशेष ध्यान रखा जाए।


