Rajasthan Budget 2026-27: राजस्थान सरकार ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के बजट की तैयारियां पूरी कर ली हैं। विधानसभा में बजट पेश होने से पहले आज 11 जनवरी को मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा प्रदेश के अलग-अलग वर्गों से सुझाव लेने के लिए बजट-पूर्व संवाद करेंगे।

सुबह 11 बजे से 12:30 बजे तक मुख्यमंत्री निवास पर सामाजिक क्षेत्र में सक्रिय छात्राओं के साथ चर्चा होगी। इसके बाद दोपहर 1 बजे से 2:30 बजे तक मुख्यमंत्री कार्यालय में एनजीओ, सिविल सोसायटी और उपभोक्ता फोरम के प्रतिनिधियों के साथ संवाद किया जाएगा। वहीं, दोपहर 3 बजे से 4:30 बजे तक किसानों, पशुपालकों और डेयरी संगठनों के प्रतिनिधियों के साथ बजट-पूर्व बैठक प्रस्तावित है। इन संवादों के जरिए सरकार विभिन्न वर्गों के सुझावों को बजट में शामिल करने पर विचार करेगी।
केंद्र के सामने रखी गईं राज्य की प्राथमिकताएं
इससे पहले 10 जनवरी को केंद्रीय बजट 2026-27 को लेकर बजट-पूर्व परामर्श बैठक आयोजित हुई थी। बैठक में डिप्टी सीएम और वित्त मंत्री दिया कुमारी ने राज्य की विकास संबंधी जरूरतों और वित्तीय प्राथमिकताओं को केंद्र सरकार के समक्ष रखा। यह बैठक केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण की अध्यक्षता में हुई।
डिप्टी सीएम ने कहा कि राज्य सरकार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विकसित भारत-2047 के विजन और 5 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था के लक्ष्य के प्रति प्रतिबद्ध है।
इन परियोजनाओं के लिए मांगा गया केंद्रीय सहयोग
राज्य सरकार ने केंद्र से कई अहम परियोजनाओं के लिए वित्तीय सहायता की मांग की है। पार्वती-कालीसिंध-चंबल लिंक परियोजना को राष्ट्रीय महत्व की परियोजना घोषित करते हुए इसके लिए 5 हजार करोड़ रुपये के प्रावधान का आग्रह किया गया।
इसके अलावा शेखावाटी क्षेत्र के लिए यमुना जल संवहन परियोजना को राष्ट्रीय परियोजनाओं में शामिल करने और 200 करोड़ रुपये की सहायता देने की मांग रखी गई। राज्य में सूक्ष्म सिंचाई की संभावनाओं को देखते हुए ड्रॉप मोर क्रॉप योजना के तहत 900 करोड़ रुपये की केंद्रीय सहायता का प्रस्ताव भी रखा गया।
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