अशोक कुमार जायसवाल, चंदौली. बबुरी क्षेत्र के दर्जनों गांवों के किसानों ने शुक्रवार को कलेक्ट्रेट पहुंचकर अपर जिलाधिकारी (एडीएम) राजेश कुमार से मुलाकात की और मुगलसराय से बबुरी तक बन रहे फोरलेन सड़क निर्माण कार्य पर गंभीर आपत्ति जताई. भाजपा के पूर्व जिलाध्यक्ष राणा प्रताप सिंह के नेतृत्व में पहुंचे किसानों ने आरोप लगाया कि सड़क चौड़ीकरण के दौरान चंद्रप्रभा और गड़ई नदी समेत कई नालों की चौड़ाई कम कर दी गई है, जिससे भविष्य में बाढ़ और जलभराव की बड़ी समस्या उत्पन्न हो सकती है.
इसे भी पढ़ें- इलाज के नाम पर मिली मौत! गलत इंजेक्शन लगाने से हृदय रोगी की मौत, परिजनों का डॉक्टरों पर गंभीर आरोप, जिम्मेदार कौन?
किसानों ने बताया कि पांडेपुर गांव के पास सड़क निर्माण के लिए चंद्रप्रभा और गड़ई नदी के किनारों को पाटकर संकरा कर दिया गया है. इससे बरसात के दिनों में पानी का बहाव बाधित होगा और आसपास के खेतों व गांवों में जलभराव की आशंका बढ़ गई है. किसानों ने कार्यदायी संस्था के अधिकारियों पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा कि इस तरह का निर्माण आगे चलकर किसानों के लिए बड़ी परेशानी का कारण बन सकता है.
इसे भी पढ़ें- ‘घूसखोर पंडित’ पर मायावती की आपत्ति : कहा- ’पंडत’ को घूसखोर बताकर पूरे देश में इनका अपमान और अनादर किया जा रहा, सीरीज को प्रतिबंधित करे सरकार
राणा प्रताप सिंह ने कहा कि नदियों की खुदाई के लिए बजट स्वीकृत हो चुका है और यदि खुदाई कार्य शुरू हुआ तो वर्तमान में बनाए जा रहे फोरलेन को भी नुकसान पहुंच सकता है. उन्होंने बताया कि सिंचाई विभाग के अधिकारियों ने हाल ही में मौके का सर्वे भी किया है. इसके अलावा, कई बड़े नालों की चौड़ाई भी निर्माण कार्य के दौरान कम कर दी गई है, जिससे बारिश के समय पानी निकासी बाधित होने की आशंका है.
इसे भी पढ़ें- ‘गद्दार कौन’? राहुल के संसदीय क्षेत्र में लगे ‘नकली गांधी’ के पोस्टर, योगी के मंत्री ने उठाया सवाल
किसानों ने चोरमरवा, गुरेरा, दूदे और चितौली छलका गांवों के पास नदी पर छोटे पुल (ब्रिज) बनाने की मांग भी रखी, ताकि जलनिकासी सुचारु बनी रहे और ग्रामीणों को आवागमन में परेशानी न हो. उन्होंने कहा कि बबुरी थाने के पास से गुजरने वाली चंद्रप्रभा नदी भी धीरे-धीरे पटती जा रही है, जिससे हर वर्ष बाढ़ के समय स्थिति गंभीर हो जाती है. इस दौरान किसानों ने बबुरी क्षेत्र में जंगली जानवरों के बढ़ते हमलों का मुद्दा भी उठाया. हाल ही में जंगली सूअर के हमले में एक व्यक्ति की मौत का हवाला देते हुए किसानों ने वन विभाग की कार्यशैली पर सवाल खड़े किए और तत्काल प्रभावी कार्रवाई की मांग की. एडीएम को ज्ञापन सौंपकर किसानों ने निर्माण कार्य की जांच कराने, नदियों और नालों की मूल चौड़ाई बहाल कराने तथा आवश्यक पुल और जलनिकासी व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की.
- छत्तीसगढ़ की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- उत्तर प्रदेश की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- लल्लूराम डॉट कॉम की खबरें


