नई दिल्ली/चंडीगढ़। केंद्रीय रेल राज्य मंत्री रवनीत सिंह बिट्टू और कांग्रेस के बीच जुबानी जंग अब कानूनी लड़ाई की ओर बढ़ती दिख रही है। बिट्टू ने घोषणा की है कि वे कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा के खिलाफ शिकायत दर्ज कराएंगे। उन्होंने 5 साल पुराने किसान आंदोलन की एक घटना का हवाला देते हुए प्रियंका गांधी की नीयत पर सवाल उठाए हैं। इस बयान के बाद पंजाब कांग्रेस के दिग्गज नेताओं ने एकजुट होकर बिट्टू पर तीखा हमला बोला है।

एक मीडिया संस्थान से बातचीत में रवनीत बिट्टू ने आरोप लगाया कि किसान आंदोलन के दौरान प्रियंका गांधी ने उन्हें विशेष रूप से किसानों से मिलने के लिए प्रेरित किया था। बिट्टू के अनुसार, प्रियंका अच्छी तरह जानती थीं कि किसान उनके प्रति कितने आक्रामक हैं, फिर भी उन्हें वहां भेजा गया।

बिट्टू ने कहा कि उस दिन कुछ भी बड़ा हो सकता था। मेरे साथ मौजूद विधायक कुलबीर सिंह जीरा की तो लगभग लिंचिंग (भीड़ द्वारा हत्या) ही कर दी गई थी। मैं जांच कराना चाहता हूं कि प्रियंका गांधी का इरादा क्या था? क्या वह कोई
बड़ी अनहोनी करवाना चाहती थीं?

कांग्रेस का पलटवार: आकाओं की गुड बुक्स में रहने की कोशिश

बिट्टू के इस बयान पर पंजाब कांग्रेस के अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वडिंग ने एक्स (पूर्व मंप ट्विटर) पर लिखा कि यह बेहद बचकानी हरकत है। बिट्टू अपने नए आकाओं (भाजपा नेतृत्व) की नजरों में बने रहने के लिए 6 साल पुरानी घटना को बेशर्मी से घसीट रहे हैं।