Rohit Sharma These 15 magical words motivated Sanju Samson : भारत में टी20 विश्व कप 2026 की धूम है. सुपर 8 की जंग खत्म हो चुकी है. अब सेमीफाइनल की बारी है. टीम इंडिया ने आखिरी सुपर 8 मुकाबला वेस्टइंडीज के खिलाफ 5 विकेट से जीता और सेमीफाइनल का टिकट हासिल किया. इस मुकाबले में एक बात तो सिद्ध हो गई कि क्रिकेट में केवल तकनीक ही नहीं, बल्कि सही समय पर मिला हौसला भी खिलाड़ी की किस्मत बदल देता है. इस बार ऐसा संजू सैमसन के साथ हुआ, जो शुरुआती मैचों में बेंच पर बैठकर अपनी बारी का इंतजार कर रहे थे और खराब फॉर्म के चलते निराश थे. तभी पूर्व कप्तान रोहित शर्मा ने 15 शब्दों से सजी एक गोल्डन सलाह दी, जिसने संजू के अंदर जान फूंक दी और उसके बाद जो हुआ वो दुनिया ने देखा.

संजू सैमसन, जिन्हें फैंस प्यार से चेट्टा कहते हैं वो सुपर 8 के आखिरी मुकाबले में वेस्टइंडीज के खिलाफ टीम इंडिया की जीत के हीरो रहे. 195 रनों के टारगेट का पीछा करते हुए संजू ने जिम्मेदारी के साथ बैटिंग की. वो आखिर तक क्रीज पर डटे रहे और 97 रनों की उम्दा पारी खेलकर टीम को सेमीफाइनल का टिकट दिला दिया. संजू के लिए पूर्व कप्तान रोहित शर्मा के 15 जादुई शब्दों ने संजीवनी का काम किया.
दरअसल, रोहित ने टी20 विश्व कप 2026 के पहले ही मुकाबले में मैच से पहले संजू सैमसन से कुछ ऐसा कहा था, जिसने संजू को मोटिवेट किया. संजू पनी बारी का इंतजार करते रहे और रोहित के इसी भरोसे ने संजू को वो ताकत दी कि उन्होंने वेस्टइंडीज के खिलाफ ‘करो या मरो’ के मुकाबले में 97 रनों की नाबाद मैच विनिंग इनिंग खेलकर टीम इंडिया को सेमीफाइनल का टिकट दिला दिया.
आखिर रोहित ने क्या कहा था?
अब सवाल ये है कि आखिर संजू से रोहित ने कहा क्या था? इसे लेकर आईसीसी ने एक वीडियो शेयर किया है, जिसमें जब रोहित शर्मा अमेरिका के खिलाफ मैच से पहले मैदान पर जाकर टीम इंडिया के खिलाड़ियों से मिले थे, तभी उन्होंने संजू को गले लगाकर 15 शब्दों से सजी एक लाइन कही थी. वो शब्द थे, ‘कैसा है? दुखी मत हो भाई, लंबा टूर्नामेंट है, मौका कभी भी आ सकता है.’ रोहित शर्मा की यह बात पूरी तरह सच हुई.
रोहित ने संजू से यह बात इसलिए कही थी, क्योंकि वो टी20 विश्व कप 2026 से ठीक पहले न्यूजीलैंड के खिलाफ लगातार 5 मैचों में बुरी तरह से फ्लॉप हुए थे. 5 मैचों में उनके नाम महज 42 रन थे. वो मुख्य विकेटकीपर के तौर पर चुने गए थे, लेकिन फिर खराब फॉर्म के चलते उनकी जगह ओपनिंग में ईशान किशन को मौका दिया था, लेकिन जब टीम इंडिया के टॉप ऑर्डर में मौजूद तीनों लेफ्ट हैंड बैटर ग्रुप स्टेज और सुपर 8 के पहले मैच में फ्लॉप हुए तो संजू को प्लेइंग 11 में लाया गया और उन्होंने वेस्टइंडीज के खिलाफ 50 बॉल पर 12 चौके और 4 छक्के ठोक टीम को जीत दिलाई.
संजू के दम पर टीम इंडिया ने रचा इतिहास
संजू सैमसन को नामीबिया के खिलाफ ग्रुप स्टेज में एक मौका मिला था, लेकिन वो 8 बॉल पर सिर्फ 22 रन बनाकर आउट हो गए थे. इसके बाद जब विंडीज के खिलाफ बारी आई तो संजू ने अकेले दम पर मैच जिता दिया. टीम इंडिया को सेमीफाइनल में जाने के लिए वेस्टइंडीज के खिलाफ हर हाल में जीत चाहिए थी. विंडीज ने बोर्ड पर 195 रन ठोक दिए थे. भारत ने पिछले 19 साल में इतना बड़ा स्कोर टी20 विश्व कप में कभी चेज नहीं किया था. एक तरफ से विकेट गिर रहे थे, लेकिन संजू क्रीज पर डटे रहे और बिना कोई गलत शॉट खेले बड़े सब्र के साथ 97 रनों की जिम्मेदार पारी खेली. यह टी20 विश्व कप में सफल रन चेज में सबसे बड़ी पारी का रिकॉर्ड भी है.

