कृष्ण कुमार सैनी, चंडीगढ़। हरियाणा में सड़कों की हालत सुधारने के लिए सरकार की डिजिटल पहल अब जमीन पर असर दिखाने लगी है। Mhari Sadak App के जरिए आम नागरिक सीधे सरकार से जुड़कर सड़कों की खराब स्थिति की शिकायत दर्ज कर रहे हैं, जिससे पारदर्शिता और जवाबदेही दोनों में तेजी आई है। यह एप अब ‘डिजिटल हरियाणा’ विज़न का मजबूत स्तंभ बनकर उभर रही है।

सरकार द्वारा शुरू किया गया यह प्लेटफॉर्म पूरी तरह सिटीजन फीडबैक पर आधारित है। नागरिक किसी भी सड़क की समस्या को फोटो या वीडियो के साथ अपलोड कर सकते हैं, और शिकायत दर्ज होते ही उसकी लोकेशन संबंधित विभाग तक स्वतः पहुंच जाती है। इतना ही नहीं, शिकायतकर्ता को एसएमएस के जरिए अपडेट भी मिलता है, जिससे प्रक्रिया पूरी तरह ट्रैकिंग में रहती है।

इस एप की सबसे बड़ी खासियत यह है कि इसमें लोक निर्माण विभाग, हरियाणा राज्य कृषि विपणन बोर्ड, जिला परिषद, पंचायती राज संस्थाएं, शहरी स्थानीय निकाय और HSIDC जैसी सभी एजेंसियों की सड़कों का डेटा जियो-लोकेशन के साथ एकीकृत किया गया है। इससे शिकायतों के समाधान में देरी की गुंजाइश काफी हद तक खत्म हो गई है।

मुख्यमंत्री Nayab Singh Saini खुद इस एप पर आने वाली शिकायतों की नियमित मॉनिटरिंग कर रहे हैं। उन्होंने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए हैं कि किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी और हर शिकायत का समयबद्ध समाधान किया जाए। सीएम की सीधी निगरानी के चलते प्रशासनिक सिस्टम में सक्रियता और जवाबदेही दोनों बढ़ी है।

सरकार ने इस वित्त वर्ष में 63,170 किलोमीटर सड़कों के निर्माण और मरम्मत का बड़ा लक्ष्य रखा है। इस लक्ष्य को समय पर और गुणवत्तापूर्ण तरीके से पूरा करने के लिए डिजिटल तकनीकों का व्यापक उपयोग किया जा रहा है, जिसमें म्हारी सड़क एप एक अहम भूमिका निभा रही है।

सरकार ने आम जनता से अपील की है कि वे अधिक से अधिक संख्या में इस एप का इस्तेमाल करें और अपने क्षेत्र की सड़कों से जुड़ी समस्याएं साझा करें। जनभागीदारी से ही हरियाणा की सड़कों को सुरक्षित, सुगम और विश्वस्तरीय बनाया जा सकता है।