लखनऊ. उत्तर प्रदेश भाजपा में चल रहे इस्तीफों के बीच कुछ विधायकों के भी पार्टी छोड़ने की शंका के बीच भदोही से भाजपा विधायक रविंद्र नाथ त्रिपाठी के इस्तीफे का पत्र मंगलवार की देर रात सोशल मीडिया पर वायरल हो गया.

जिससे राजनीतिक गलियारे में हलचल मच गई. पत्र वायरल होने की जानकारी पाकर बुधवार को विधायक ने इसका खंडन किया. उन्होंने कहा कि भाजपा के लिए उनके खून का एक-एक कतरा समर्पित है. उनके लेटरपैड का दुरूपयोग किया गया है.

उन्होंने जांच के लिए कोतवाली में तहरीर दी. सूबे के कैबिनेट मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य सहित आधा दर्जन विधायकों के इस्तीफा देने से मंगलवार को पूरे दिन प्रदेश में राजनीतिक सरगर्मी बढ़ी रही और देर रात रविंद्रनाथ त्रिपाठी के लेटरपैड से इस्तीफे का पत्र सोशल मीडिया पर वायरल हो गया. जिससे जिले की राजनीतिक गलियारे में सरगर्मी बढ़ गई.

उन्होंने कहा कि किसी विपक्षी नेता ने दुर्भावना से प्रेरित होकर ऐसा कार्य किया है. पत्र पूरी तरह फर्जी है और फर्जी लेटर बनाने वाले के खिलाफ कार्रवाई के लिए उन्होंने पुलिस से लिखित शिकायत की है.

गौरतलब हो कि विधायक रवीन्द्रनाथ त्रिपाठी 2017 के चुनाव के दौरान बसपा छोड़कर भाजपा में शामिल हुए थे. उन्हें स्वामी प्रसाद मौर्य के खेमे का माना जाता रहा और ऐसा कहा जाता है कि स्वामी प्रसाद मौर्य की मदद से रवीन्द्रनाथ को भदोही से टिकट मिला था. रवीन्द्रनाथ त्रिपाठी चुनाव जीतकर विधायक बने. ऐसे में अब जब योगी मंत्रिमंडल से स्वामी प्रसाद मौर्य ने इस्तीफा दिया तो जिले में यह चर्चा तेज हो गई कि उनके करीबी रवीन्द्रनाथ त्रिपाठी भी उनके साथ पार्टी छोड़ सकते हैं.