लखनऊ. अखिलेश यादव ने अयोध्या विकास प्राधिकरण और सरकार पर सवाल खड़े किए हैं. ये सवाल अयोध्या के मास्टर प्लान को बदलने को लेकर है. अखिलेश का कहना है कि अयोध्या के मास्टर प्लान को बार बार बदला जा रहा है. इतना ही नहीं अखिलेश ने ये आरोप लगाया है कि कुछ महाभ्रष्ट लोग इसे बार बार बदल रहे हैं ताकि कुछ नए लोगों को फायदा पहुंचाया जा सके.
अयोध्या के निवासियों के बीच ये सवाल चर्चा का विषय बना हुआ है कि आखिरकार अयोध्या का मास्टर प्लान बार-बार क्यों बदला जा रहा है. सच्चाई तो ये है कि ये बार-बार बदला नहीं, कुछ महाभ्रष्ट लोगों द्वारा बदलवाया जा रहा है. क्योंकि हर बार कुछ नये लोगों को फायदा पहुंचाने के लिए नई-नई सिफारिशें आ जाती हैं.
इसे भी पढ़ें : हर नागरिक की सुनवाई, हर समस्या का समाधान : जनता दर्शन में सीएम योगी, आर्थिक सहायता की फरियाद लेकर आए लोगों को कहा- आप इस्टीमेट मंगवाइए, खर्च सरकार करेगी
अखिलेश ने आगे लिखा कि इनकी वजह से ‘गरम’ हथेली पुराने मास्टर प्लान के निरस्तीकरण के लिए ‘नरम’ हो जाती है और जिन लोगों को अयोध्या के विकास का काम मिला है वो लगातार नुकसान सहते हुए, हाथ-पर-हाथ धरे बैठे रह जाते हैं और कुछ लोग लखनऊ में बैठकर मास्टर प्लान को निरस्त करने का खेल खेलते रहते हैं. भाजपा कम से कम अयोध्या को तो अपने अधर्मी महा-भ्रष्टाचार से मुक्त रखे.
ये है प्राधिकरण का प्लान
अयोध्या विकास प्राधिकरण (ADA) अयोध्या में आधुनिक सुविधाओं के विकास के साथ ही युक्त शहर में विश्वस्तरीय बुनियादी ढांचा, बेहतर कनेक्टिविटी, होटल, रिसॉर्ट, और सांस्कृतिक केंद्रों के निर्माण के लिए प्लान कर रही है, इस विस्तारित क्षेत्र में अयोध्या नगर निगम, नगर पंचायत भदरसा,नगर पालिका परिषद नवाबगंज गोंडा के साथ अयोध्या के 154 बस्ती के 126 और गोंडा के 63 गांव समेत कुल 343 गांव शामिल है, इस मास्टर प्लान का उद्देश्य अयोध्या में आ रही निवेश को धरातल पर उतरना और शहर को वैश्विक पर्यटन मानचित्र पर स्थापित करना है.
- छत्तीसगढ़ की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- उत्तर प्रदेश की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- लल्लूराम डॉट कॉम की खबरें

