पटना। बिहार प्रदेश कांग्रेस कमेटी (BPCC) अब राज्य में अपने आधार को मजबूत करने के लिए जमीनी स्तर पर बड़े बदलाव की तैयारी में है। प्रदेश अध्यक्ष राजेश राम के नेतृत्व में संगठन को धार देने के लिए दो महत्वपूर्ण कदम उठाए गए हैं: जिला पर्यवेक्षकों का विशेष प्रशिक्षण शिविर और बाबा साहेब भीमराव अम्बेडकर जयंती की भव्य तैयारी।

​तीन दिवसीय विशेष ट्रेनिंग: सदाकत आश्रम बनेगा केंद्र

​कांग्रेस के जिला ऑब्जर्वर्स के लिए 18, 19 और 20 अप्रैल को पटना स्थित प्रदेश मुख्यालय, सदाकत आश्रम में तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। राजेश राम ने स्पष्ट किया कि इस ट्रेनिंग का मुख्य उद्देश्य ‘गांधीगिरी’ यानी प्रेम, धैर्य और संवाद के जरिए संगठन को सशक्त बनाना है।
​इस दौरान पर्यवेक्षकों को पार्टी की नीतियों, जनसंपर्क अभियान और डिजिटल सशक्तिकरण के गुर सिखाए जाएंगे। कार्यक्रम के बेहतर समन्वय के लिए एक संचालन समिति बनाई गई है, जिसमें INTUC अध्यक्ष चंद्र प्रकाश सिंह, डॉ. तारानंद सदा, अरविंद चौधरी, और अभिषेक सिंह जैसे अनुभवी नेताओं को शामिल किया गया है।

​अम्बेडकर जयंती पर सामाजिक न्याय का संकल्प

​14 अप्रैल को बाबा साहेब डॉ. भीमराव अम्बेडकर की जयंती के अवसर पर कांग्रेस एक विशाल कार्यक्रम आयोजित करने जा रही है। राजेश राम ने कहा कि कांग्रेस संविधान की रक्षा और सामाजिक समरसता के लिए प्रतिबद्ध है। बाबा साहेब के विचारों को जन-जन तक पहुंचाने के लिए पूर्व विधायकों और वरिष्ठ पदाधिकारियों की एक समर्पित समिति गठित की गई है।

​समितियों का स्वरूप

  • ​ट्रेनिंग संचालन समिति: इसमें डॉ. आशुतोष शर्मा, सतेंद्र बहादुर, रीता सिंह, राजीव शर्मा और सलभ कुमार जैसे नाम शामिल हैं।
  • ​अम्बेडकर जयंती समिति: इस समिति का जिम्मा अमिता भूषण, प्रतिमा कुमारी दास, भावना झा और रबिन्दर पासवान जैसे दिग्गजों को सौंपा गया है। इसके अलावा युवा कांग्रेस और महिला कांग्रेस की भागीदारी भी सुनिश्चित की गई है।
  • ​इन कार्यक्रमों के जरिए कांग्रेस का लक्ष्य न केवल अपने कार्यकर्ताओं को सक्रिय करना है, बल्कि आगामी राजनीतिक चुनौतियों के लिए एक मजबूत संगठनात्मक ढांचा तैयार करना भी है।