पटना। बिहार में आज मौसम सामान्य रहने की संभावना है। राज्य में किसी तरह की चेतावनी जारी नहीं की है। हालांकि, कई इलाकों में आंशिक रूप से बादल छाए रह सकते हैं और स्थानीय स्तर पर हल्की बारिश की संभावना से पूरी तरह इनकार नहीं किया गया है। पटना में आज अधिकतम तापमान करीब 33 डिग्री और न्यूनतम 25 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है। मौसम विभाग ने आज राज्य के कई इलाकों में बादल छंटने के बाद धूप निकलने की संभावना जताई है, जिससे दिन के तापमान में हल्की बढ़ोतरी होगी। हाल की बारिश के कारण हवा में नमी बनी रहने से लोगों को उमस परेशान कर सकती है। यानी आसमान साफ रहने के बावजूद गर्मी महसूस हो सकती है। मौसम में यह राहत बाढ़ प्रभावित इलाकों के लिए हालांकि तत्काल राहत नहीं मानी जा सकती, क्योंकि नदियों में पानी बढ़ा हुआ है और कई जगह तटबंध टूटने से पानी निचले इलाकों में फैल चुका है। बिहार के छह जिलों में करीब 2.03 लाख लोग बाढ़ से प्रभावित बताए जा रहे हैं। नेपाल में हुई भारी बारिश के बाद गंडक नदी में पानी का दबाव बढ़ा है। इससे पश्चिम चंपारण, गोपालगंज और सारण समेत कई इलाकों में बाढ़ की स्थिति गंभीर हुई है। गंडक नदी के तटबंधों पर लगातार दबाव के बीच बुधवार को गोपालगंज और सारण में भी तटबंध टूटने की घटनाएं सामने आईं।

बाढ़ का खतरा बढ़ा

पश्चिम चंपारण के बगहा, बैरिया और योगापट्टी क्षेत्र में तटबंध टूटने से निचले इलाकों में पानी फैल गया है। कई गांवों का संपर्क प्रभावित हुआ है। वहीं, सारण के मकेर प्रखंड के हजलपुर में तटबंध का हिस्सा क्षतिग्रस्त होने के बाद पानी आसपास के निचले इलाकों की ओर फैल रहा है। गोपालगंज के बैकुंठपुर में भी जमींदारी बांध टूटने से आसपास के गांवों में बाढ़ का खतरा बढ़ गया है।

तेज बहाव में बहा घर

छपरा के हजलपुर गांव में बांध टूटने के बाद पानी के तेज बहाव में एक घर बह जाने की जानकारी सामने आई है। वहीं सारण में गंडक नदी के तेज बहाव के बीच दो तेंदुए बहते दिखाई दिए। इनमें से एक तेंदुआ तैरकर किनारे पहुंचा और पेड़ पर चढ़ गया, जबकि दूसरा पानी के बहाव के साथ आगे निकल गया।

गंगा का जलस्तर भी बढ़ा

गंडक के साथ गंगा के जलस्तर में भी बढ़ोतरी से पटना, बेगूसराय और खगड़िया में चिंता बनी हुई है। पटना के कई घाट दोबारा पानी में डूब गए हैं। गंगा का बढ़ा जलस्तर बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में पहले से मौजूद पानी की निकासी को भी प्रभावित कर सकता है। बीते 24 घंटे में खगड़िया में 36.2 मिमी, मुंगेर में 29 मिमी और लखीसराय में 24.7 मिमी बारिश दर्ज की गई। बेगूसराय में 19.2 मिमी और भागलपुर में 19.8 मिमी बारिश हुई। कई अन्य जिलों में भी सामान्य से अधिक बारिश दर्ज की गई, जबकि सीमांचल के अररिया, किशनगंज, पूर्णिया और कटिहार में बारिश सामान्य से कम रही।

बिहार में मानसून सीजन के दौरान अब तक 678.9 मिमी बारिश दर्ज हुई है, जबकि सामान्य बारिश 992.8 मिमी होनी चाहिए थी। इस तरह सीजन में राज्य में बारिश सामान्य से करीब 32% कम रही है।

फिर बदल सकता है मौसम

आज और 2 अक्टूबर को मौसम अपेक्षाकृत सामान्य रहने का अनुमान है। बारिश कमजोर पड़ने से दिन में धूप बढ़ सकती है और तापमान में 2 से 3 डिग्री तक बढ़ोतरी हो सकती है। नमी के कारण सुबह और दोपहर बाद उमस बनी रहेगी। वहीं 3 से 6 अक्टूबर के बीच बिहार के कुछ हिस्सों में गरज-चमक, तेज हवा और स्थानीय बारिश जैसी गतिविधियां फिर देखने को मिल सकती हैं। इसलिए बाढ़ प्रभावित जिलों में मौसम साफ रहने के बावजूद नदियों के जलस्तर और कमजोर तटबंधों पर निगरानी जरूरी रहेगी।