कुंदन कुमार, पटना। परिवहन मंत्री दामोदर रावत ने एक बयान में विपक्ष पर जमकर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि विपक्ष का एकमात्र काम सरकार के कामकाज पर अनर्गल सवाल उठाना रह गया है, लेकिन बिहार की जनता ने चुनाव परिणामों के जरिए विपक्षी दलों को पूरी तरह से नकार दिया है। मंत्री ने राजनीतिक नेताओं को नसीहत देते हुए कहा कि बयानबाजी के दौरान भाषा की गरिमा और मर्यादा का हमेशा विशेष ध्यान रखना चाहिए। इसी कड़ी में उन्होंने कांग्रेस नेता सोनिया गांधी पर टिप्पणी करते हुए कहा कि वे देश के सबसे बड़े दल की नेता रही हैं, इसलिए उन्हें अपने पदों के अनुकूल भाषा की मर्यादा का विशेष पालन करना चाहिए।
EOU की कार्रवाई और कानून-व्यवस्था पर दो टूक
आर्थिक अपराध इकाई (EOU) द्वारा हालिया छापों और कार्रवाइयों पर बोलते हुए परिवहन मंत्री ने स्पष्ट किया कि भ्रष्टाचार या आय से अधिक संपत्ति की पुख्ता सूचना मिलने पर ही EOU नियमों के तहत अपनी कार्रवाई करती है। उन्होंने कहा कि पूरे बिहार में अधिकारियों की संपत्ति और उनके कामकाज की निरंतर जांच प्रक्रिया चलती रहती है।
राज्य की कानून-व्यवस्था के मुद्दे पर बोलते हुए उन्होंने कहा कि किसी भी आपराधिक घटना के सामने आने पर पुलिस पूरी निष्ठा, मुस्तैदी और पारदर्शिता के साथ जांच करती है। सरकार की ओर से पुलिस प्रशासन को पूरी छूट दी गई है ताकि दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा सके। वहीं, एनडीए गठबंधन के भीतर असहजता के सवालों पर उन्होंने कहा कि नीतीश कुमार पर बिहार की आम जनता का अटूट भरोसा पहले भी था और आज भी पूरी तरह कायम है। गांव-देहात के इलाकों में मुख्यमंत्री के प्रति लोगों का विश्वास लगातार मजबूत हुआ है। गठबंधन सहयोगियों के अपने-अपने विचार हो सकते हैं, लेकिन हर महत्वपूर्ण मुद्दे पर आपसी बैठकों में व्यापक चर्चा की जाती है।


