प्रदीप मालवीय, उज्जैन। इलाहाबाद कुंभ में मॉडल से साध्वी बनीं हर्षा रिछारिया उर्फ महामंडलेश्वर हर्षानंद गिरि ने एक वीडियो जारी कर देश के शीर्ष संतों और पीठाधीश्वरों के खिलाफ सीधा मोर्चा खोल दिया है। हर्षा ने शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती समेत कई बड़े संतों को ‘तथाकथित संत’, ‘समाज का ठेकेदार’ और ‘दोगला’ करार दिया है। वीडियो में शंकराचार्य के साथ-साथ महाराज अनिला नंद, निरंजनी अखाड़ा पीठाधीश्वर स्वामी आनंद स्वरूप, महामंडलेश्वर मां योग योगेश्वरी और आचार्य तन्मय वेद के दातार की तस्वीरें भी दिखाई गई हैं।

“मुझे नचनिया कहा, अब अंजलि अरोड़ा पर चुप्पी क्यों?”

हर्षा रिछारिया ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर यह वीडियो शेयर करते हुए कहा कि जिन संतों ने उनके हर कदम पर अपमान किया, उनके मंच संचालन और एंकरिंग पर सवाल उठाकर उन्हें ‘नचनिया’ और ‘पाखंडी’ तक कहा, वे संत अब अंजलि अरोड़ा के ‘मां सीता’ का किरदार निभाने पर मौन क्यों हैं? हर्षा ने सवाल उठाया कि जब अंजलि अरोड़ा फिल्म “महाकाव्य श्री रामायण कथा श्री राम की” में माता सीता की भूमिका निभा रही हैं, तो संतों की आपत्ति और विरोध अब कहां चला गया?

“क्या संतों ने अपना जमीर बेच दिया है?”

वीडियो में हर्षा ने अंजलि अरोड़ा के पुराने डांस वीडियोज और सार्वजनिक कार्यक्रमों का जिक्र करते हुए संतों की मंशा पर गंभीर सवाल खड़े किए। उन्होंने कहा, “यह दोगलापन नहीं है तो क्या है? क्या संतों ने अपना जमीर बेच दिया है? शायद कुछ संत खुद लाइमलाइट में रहना चाहते थे, इसीलिए उन्हें मेरे मंच पर काम करने से आपत्ति थी।”

“सच्चाई के लिए सवाल पूछना मेरा अधिकार”

हर्षा ने स्पष्ट किया कि उन्होंने किसी के खिलाफ व्यक्तिगत लड़ाई शुरू नहीं की है, लेकिन जिस तरह उन्हें लगातार निशाना बनाया गया, उसके बाद जवाब मांगना उनका अधिकार है। उन्होंने कहा, “क्या मैं जान सकती हूं कि यह दोगलापन उस लड़की (हर्षा) के साथ ही क्यों हुआ, जिसका ऐसा कोई अतीत ही नहीं था? इसका जवाब कोई मांगे न मांगे, लेकिन मैं पूरी तरह से जवाब मांगने की हकदार हूं।”

Follow the LALLURAM.COM MP channel on WhatsApp
https://whatsapp.com/channel/0029Va6fzuULSmbeNxuA9j0m