खराब खान-पान और लाइफस्टाइल से जुड़ी दिक्कतों के चलते लोगों को थायराइड की समस्या बहुत ज्यादा होने लगी है। कुछ लोग ऐसे भी हैं, जो बिना जानें भी थायराइड की समस्या से जूझते रहते हैं। ऐसे में थायराइड को लेकर जागरुकता जरूरी है। इस बीमारी में वजन घटने के साथ-साथ हार्मोन भी गड़बड़ हो जाते हैं।

हेल्थ एक्सपर्ट्स की मानें तो थायराइड ग्रन्थि में आई गड़बड़ी के कारण हाइपरथायरोडिज्म या हाइपोथायरोडिज्म की दिक्कत हो सकती है। विशेषज्ञों का ये भी कहना है कि प्रेग्नेंसी के दौरान थायराइड की समस्या महिला और गर्भ में पल रहे बच्चों की सेहत के लिए खतरा हो सकता है।


ऐसे में महिलाओं को कुछ विशेष बातों का ध्यान रखना चाहिए। आइए जानते हैं प्रेग्नेंसीय के दौरान यदि आपको थायराइड हो गया है तो कैसे अपना ख्याल रखना है।


डाइट का रखें ध्यान


गलत खानपान के कारण भी थायराइड की समस्या हो सकती है। जो महिलाएं प्रेग्नेंसी के फेज में हैं, उन्हें अपनी डाइट का खास ख्याल रखना चाहिए। हेल्थ एक्सपर्ट्स कहते हैं कि अगर किसी महिला को पहले से ही हाइपरथायरायडिज्म की समस्या है तो कम से कम नमक खाएं। उन सब्जियों को खाएं, जिससे थायराइड नियंत्रित रह सके। हाइपोथायरायडिज्म की दिक्कत का सामना करने वाली महिला को आयोडिन और साबुत अनाज खाने चाहिए।


रोजाना करें योग


योग पुरानी से पुरानी बीमारी को कंट्रोल करने में मददगार है। खराब लाइफस्टाइल के कारण ही थायराइड की समस्या होती है। ऐसे में योगाभ्यास करके इसको कंट्रोल किया जा सकता है। हालांकि, इसके लिए योग एक्सपर्ट्स की सलाह के अनुसार ही योग करने चाहिए।

कम तनाव लें


इसके साथ ही, जितना हो सके- तनाव को कम कर दें। आप जितना तनाव लेंगे, थायराइड की समस्या बढ़ सकती है। हेल्थ एक्सपर्ट्स का ये भी कहना है कि प्रेग्नेंसी के दौरान थायराइड की समस्या आम हो सकती है।ऐसे में आपको घबराना नहीं चाहिए और सही लाइफस्टाइल रुटीन को फॉलो करना चाहिए।


करवाएं चेकअप


प्रेग्नेंसी में थायराइड की समस्या का कारण हार्मोनल बदलाव हैं। यही वजह है कि ऐसे समय में महिलाओं को इसकी समस्या हो सकती है। किसी महिला को अगर पहले से ही थायराइड की शिकायत है तो उसे अपनी नियमित जांच करवानी चाहिए।