चंडीगढ़। केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) ने 659 करोड़ रुपये के आईडीएफसी (IDFC) बैंक घोटाले में एक बड़ी कार्रवाई करते हुए चंडीगढ़ और पंचकूला से चार मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार किया है। जांच में सामने आया है कि इस पूरे फर्जीवाड़े का जाल चंडीगढ़ के सेक्टर-91 स्थित एक प्लॉट से बुना जा रहा था, जहाँ से 90 करोड़ रुपये से अधिक के कैश कन्वर्जन (काले धन को सफेद करने) का खेल चल रहा था।

मृतक के खाते का इस्तेमाल और हवाला नेटवर्क

इस घोटाले की परतें तब खुलीं जब जांच एजेंसियों को पता चला कि आरोपियों ने हरियाणा प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के एक मृतक सदस्य के बैंक खाते को दोबारा सक्रिय किया। इसके बाद उस खाते से करीब 58 लाख रुपये का अवैध लेन-देन किया गया। यही नहीं, नगर पालिका कालका के सरकारी फंड से भी 18.46 करोड़ रुपये की बड़ी रकम निकाली गई।

हवाला नेटवर्क की जांच में यह बेहद चौंकाने वाला खुलासा हुआ है कि इस घोटाले की 2 करोड़ रुपये की हवाला राशि एक आईएएस (IAS) अधिकारी के बेटे तक पहुँचाई गई थी। दिल्ली में इस रकम की डिलीवरी दी गई थी, जिसकी जांच अब सीबीआई गहराई से कर रही है।

सीबीआई की रडार पर आए ये 4 मुख्य आरोपी

सीबीआई ने मामले की कड़ाई से जांच करते हुए मुख्य किरदारों की भूमिका को साफ किया है:

  • मोहित गोयल (चंडीगढ़ मेगा स्टोर के मालिक): इन्होंने करीब 112 ट्रांजेक्शन के जरिए बैंक मैनेजर की मिलीभगत से 80 करोड़ रुपये जुटाए और इस रकम को सिंडिकेट को ट्रांसफर किया।
  • मनोज शर्मा (इंटीरियर डेकोरेटर): इन्होंने 16 फर्जी वेंडर्स के दस्तावेजों का सहारा लेकर करीब 21.65 करोड़ रुपये की सरकारी राशि हड़पी और अपने करीबियों के खातों में डाली।
  • गौरव कंसल (भारत डिस्ट्रिब्यूटर्स के संचालक): इन्होंने केवल 2 साल में 140 से ज्यादा संदिग्ध ट्रांजेक्शन किए और 94 करोड़ रुपये का अवैध कैश कन्वर्ट कराया।
  • सिद्धार्थ नरूला (चार्टर्ड अकाउंटेंट – CA): इन्होंने वेंडर्स को कमीशन का लालच देकर फर्जी खाते खुलवाए और मृतक के खाते से 58.96 लाख रुपये ट्रांसफर करने में मुख्य भूमिका निभाई।

कोर्ट ने आरोपियों को 3 दिन के रिमांड पर भेजा

सीबीआई ने सभी चारों आरोपियों को पंचकूला की विशेष सीबीआई अदालत में पेश किया, जहाँ से अदालत ने मामले की गंभीरता और पैसों की रिकवरी को देखते हुए सभी को 3 दिन के पुलिस रिमांड पर भेज दिया है। सीबीआई अब इस सिंडिकेट से जुड़े अन्य रसूखदार लोगों और बैंक अधिकारियों की तलाश में जुटी है।