ट्रैफिक जाम की समस्या को देखते हुए चंडीगढ़, मोहाली और पंचकुला ट्राइसिटी के बीच मेट्रो रेल कनेक्टिविटी की तैयारी शुरू हो गई है। मेट्रो ट्रेन के शुरू होने से काफी हद तक सड़कों पर लगने वाले लंबे जाम से छुटकारा मिलेगा।

ट्राइसिटी में बढ़ रही आबादी को देखते हुए मेट्रो प्रोजेक्ट शुरू हो रहा है। डीपीआर तैयार कर रही राइट्स कम्पनी (रेल इंडिया टेक्निकल एंड इकोनॉमिक सर्विसेज) की रिपोर्ट में सामने आया है कि रोजाना लोग सबसे ज्यादा बसों व कार में सफर करते हैं और बाकी के 10 लाख 21 हजार लोग किसी अन्य वाहन के जरिए सफर करते हैं। सफर करने वालों में नौकरीपेशा, बिजनैसमैन, छात्र व टूरिस्ट शामिल होते हैं। रिपोर्ट में ये भी सामने आया है कि 5 लाख 33 हजार लोग कार व टैक्सी व 2 लाख बस में सफर करते हैं।


सुल्तानपुर, न्यू चंडीगढ़ से सेक्टर 28, पंचकुला (34 किमी), सुखना झील आईएसबीटी जीरकपुर से आईएसबीटी मोहाली और चंडीगढ़ हवाई अड्डे के माध्यम से (41.20 किमी), अनाज बाजार चौक (सेक्टर-39) से ट्रांसपोर्ट लाइट चौक (सेक्टर-26) (13.30 किमी)। सबसे पहले सेक्टर-26 मंडी से आईएसबीटी पंचकूला तक मेट्रो चलेगी। फेज-एक में सेक्टर-26 की ग्रेन मार्केट चौक से पंचकूला आईएसबीटी तक करीब 18 किलोमीटर का ट्रैक। इसके बाद सेक्टर-43 आईएसबीटी से जीरकपुर तक 20 किलोमीटर का ट्रैक होगा। इसके बाद दूसरा फेज शुरू होगा। इसमें आईएसबीटी पंचकूला से पंचकूला एक्सटेंशन तक साढ़े 4 किमी तक मेट्रो चलेगी फिर एयरपोर्ट चौक से गांव सनेटा तक मेट्रो जाएगी। इस ट्रैक की लंबाई करीब साढ़े 5 किलोमीटर होगी। मेट्रो को लेकर चंडीगढ़ में 2320 करोड़, पंचकूला में 1280 करोड़ व मोहाली में 4080 करोड़ रुपए का खर्च होगा।