हेमंत शर्मा, इंदौर। दशहरा बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक है, लेकिन इस बार इंदौर में रावण दहन के साथ एक और प्रतीकात्मक आयोजन चर्चा में है। संस्था पौरुष ने दशहरे पर मेरठ के चर्चित ‘नीले ड्रम’ हत्याकांड को लेकर शूर्पणखा दहन करने का ऐलान किया है। संस्था की ओर से इस आयोजन को अपराध के खिलाफ विरोध के प्रतीक के तौर पर पेश किया जा रहा है।
‘नीले ड्रम’ हत्याकांड को लेकर प्रतीकात्मक विरोध
मेरठ का चर्चित मामला मुस्कान और उसके प्रेमी साहिल से जुड़ा है। इस प्रकरण ने देशभर में लोगों का ध्यान खींचा था। अब इंदौर में संस्था पौरुष ने इसी मामले का संदर्भ लेकर दशहरे पर शूर्पणखा के प्रतीकात्मक पुतले के दहन की घोषणा की है।
संस्था के इस ऐलान के बाद आयोजन को लेकर चर्चा शुरू हो गई है। हालांकि, शूर्पणखा के प्रतीक के जरिए किसी महिला को अपराध से जोड़कर प्रस्तुत करने को लेकर सवाल भी उठ सकते हैं। अपराध की जिम्मेदारी किसी व्यक्ति के लिंग या पौराणिक पात्र से नहीं, बल्कि जांच और न्यायिक प्रक्रिया में सामने आए तथ्यों से तय होती है।
दशहरे पर क्या होगा?
संस्था पौरुष के मुताबिक, दशहरे पर शूर्पणखा का दहन किया जाएगा। आयोजन का पूरा कार्यक्रम, स्थान और समय जैसी जानकारी उपलब्ध होने पर इसे और स्पष्ट किया जा सकेगा।
अब सवाल यह है कि संस्था इस प्रतीकात्मक दहन के जरिए क्या संदेश देना चाहती है और आयोजन किस स्वरूप में किया जाएगा? फिलहाल, संस्था के ऐलान ने इंदौर में दशहरे के आयोजन को लेकर नई चर्चा छेड़ दी है।
Follow the LALLURAM.COM MP channel on WhatsApp
https://whatsapp.com/channel/0029Va6fzuULSmbeNxuA9j0m

