जंगल सफारी का टिकट दर बढ़ाने के प्रस्ताव को वन मंत्री ने किया खारिज

पुरानी दर पर ही जंगल सफारी के साथ ही कर सकेंगे चिड़ियाघर की सैर

रायपुर– नया रायपुर स्थित जंगल सफारी में जू सफारी (चिड़ियाघर ) के उदघाटन के बाद अब पर्यटक तरह तरह के जानवरो को उनके लिए बनाये बाड़ो में देखकर आनंद ले रहे हैं.पर्यटकों की सुविधा के लिए जंगल सफारी की टिकट दर नहीं बढ़ाई जा रही है.अभी टिकट के लिए भी पूर्व की तरह 2 सौ रूपये लिए जा रहे हैं,और ऐसा प्रदेश के वन मंत्री मोहम्मद अकबर के व्यक्तिगत रूप से रुचि लिए जाने के कारण हुआ है . जंगल सफारी में चिड़ियाघर का उदघाटन मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने 5 अक्टूबर को वन मंत्री श्री मोहम्मद अकबर ,नगरीय प्रशासन मंत्री डा.शिवकुमार डहरिया,वरिष्ठ विधायक श्री धनेन्द्र साहू,विधायक श्री कुलदीप जुनेजा व अतिरिक़्त मुख्य सचिव श्री आर. पी.मंडल,प्रधान मुख्य वन संरक्षक श्री राकेश चतुर्वेदी सहित अन्य वन अधिकारियों की उपस्थिति में किया था .

जंगल सफारी में पहुंचने पर अब जू सफारी का भी आनंद लिया जा सकेगा.जू सफारी में टाइगर ,लॉयन,रॉयल बेंगाल टाइगर, लेफर्ड , हिमालयन बियर,घड़ियाल , ताजे पानी में पाए जाने वाले कछुए,बेंगाल मानिटरलिजार्ड, स्टारकछुए, क्रोकोडायल, हिप्पोपोटेमस को उनके लिए अलग अलग बनाये गए बाड़ो में देखा जा सकेगा. जू (चिड़ियाघर) की भी सुविधा के कारण नया रायपुर का जंगल सफारी अब अनूठा हो गया है इसलिए वन विभाग के अधिकारियो ने जंगल सफारी की टिकट दर को 2 सौ से बढाकर ढाई सौ रूपये करने के प्रस्ताव को सुझाव के रूप में दिया .इस प्रस्ताव को वन मंत्री मोहम्मद अकबर ने ख़ारिज कर टिकट दर को बढ़ाने की सम्भावना को समाप्त कर दिया.

बताया गया है कि जू के प्राम्भ होने से वर्ष भर में एक डेढ़ करोड़ रूपये का अतिरिक्त भार वन विभाग पर पडता भी है तो इसे पर्यटकों के हित में वहन करने का फैसला वन मंत्री ने लिया है . यहाँ यह बताना जरुरी है कि वन मंत्री के रूप में मोहम्मद अकबर के द्वारा लिए जा रहे निर्णय सुर्खियां बटोर रहे हैं. मामला चाहे वन्य प्राणियों के संरक्षण का हो या वनों की सुरक्षा का ,वन मंत्री ने ऐसे ऐसे कदम उठाये है जो पहले कभी नहीं सुने गए.जंगल सफारी की टिकट दर को पहले से ही अधिक बताने वालों की कमी नहीं है,ऐसे में टिकट दर को नहीं बढाक़र, यथावत रखते हुए बड़ी राहत दी गयी है .

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