भुवनेश्वर: ओडिशा सरकार ने जानकारी देते हुए बताया है कि पुरी स्थित जगन्नाथ मंदिर को पिछले तीन वित्तीय वर्षों में 100 करोड़ रुपये से अधिक का दान प्राप्त हुआ है. विधानसभा में चंपुआ के विधायक सनातन महाकुड के सवाल के जवाब में विधि मंत्री पृथ्वीराज हरिचंदन ने बताया कि 2021-22 से 2023-24 तक के वित्तीय वर्षों में पुरी के 12वीं सदी के इस मंदिर को कुल 113.02 करोड़ रुपये का दान प्राप्त हुआ.

मंत्री के अनुसार, यह दान भक्तों द्वारा हुंडी (दानपात्र), बैंक खातों और अन्य माध्यमों से किया गया. 2021-22 में मंदिर को 17.31 करोड़ रुपये का दान मिला, जबकि 2022-23 में यह आंकड़ा 50.80 करोड़ रुपये और 2023-24 में 44.90 करोड़ रुपये था. आंकड़ों के अनुसार, पिछले तीन वित्तीय वर्षों में हुंडी से 40.61 करोड़ रुपये, बैंक खातों से 59.79 करोड़ रुपये और अन्य माध्यमों से 12.60 करोड़ रुपये का दान प्राप्त हुआ 2021-22 में मंदिर परिसर और अन्य स्थानों पर स्थापित हुंडी से 8.23 करोड़ रुपये प्राप्त हुए. यह आंकड़ा 2022-23 में 15.46 करोड़ रुपये और 2023-24 में 16.92 करोड़ रुपये रहा.
बैंक खातों के माध्यम से दान 2021-22 में 6.83 करोड़ रुपये था, जो 2022-23 में बढ़कर 30.72 करोड़ रुपये और 2023-24 में 22.24 करोड़ रुपये हो गया. अन्य माध्यमों से दान 2021-22 में 2.25 करोड़ रुपये, 2022-23 में 4.62 करोड़ रुपये और 2023-24 में 5.73 करोड़ रुपये प्राप्त हुआ.
महाकुड, जो बीजद के विधायक हैं, ने राज्य के विभिन्न मंदिरों, विशेष रूप से जगन्नाथ मंदिर, को पिछले तीन वर्षों में प्राप्त दान की जानकारी मांगी थी. जलेश्वर के बीजद विधायक अश्विनी कुमार पात्र के सवाल के जवाब में मंत्री ने बताया कि 2023-24 में जगन्नाथ मंदिर को अपनी संपत्तियों से 33.02 करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त हुआ.
मंत्री ने यह भी जानकारी दी कि मंदिर के पास ओडिशा के 24 जिलों में 60,426 एकड़ भूमि है. इसके अलावा, मंदिर के स्वामित्व में राज्य के बाहर 395 एकड़ भूमि भी है.
ये खबरें भी जरूर पढ़े-
- बिहार की सियासत में शिंदे गुट की एंट्री तेज, पटना में सैकड़ों लोगों ने थामा शिवसेना का दामन
- सरकारी बंगले से शुरू हुआ विवाद, गायत्री बिश्नोई ने खैरा को दी कोर्ट-जेल की चेतावनी; महिला आयोग भी आया सामने
- BJP सरकार में ‘विकास’ के बुरे दिनः इकाना स्टेडियम के पास 100 मीटर तक धंसी सड़क, राजधानी का हाल बेहाल तो प्रदेश का क्या होगा?
- रेलवे लाइन के पुल का हिस्सा धंसा, बड़े हादसे का खतरा, भारी वाहनों की आवाजाही पर रोक
- प्रेस वार्ता: SIR पर राहुल गांधी के सवाल का मुख्यमंत्री साय ने दिया जवाब, कहा- देश की संवैधानिक व्यवस्था को खोखला करने की सोची-समझी साजिश, देशद्रोही आचरण पर हो गए हैं उतारू…


