लुधियाना: लुधियाना के टिब्बा रोड इलाके से आगजनी की खबर सामने आई है. आग इतनी भयानक थी कि आसपास का इलाका भी आग की तेज में तप रहा था. बताया जा रहा है कि यह आग एक ऑटो रिपेयर की दुकान के भीतर अचानक भीषण आग लग गई. आग की इस चपेट में आकर दुकान के अंदर मरम्मत (रिपेयर) के लिए खड़ी एक होंडा एक्टिवा और एक मोटरसाइकिल बुरी तरह झुलस कर क्षतिग्रस्त हो गईं. बड़ी मुश्किल के साथ इस आगजनी को बुझाया गया.

आग फैलने के साथ आसपास में अफरा-तफरी मच गईं थी. दुकान से महज दो गज की दूरी पर एक बिजली का ट्रांसफार्मर लगा हुआ था, लेकिन आसपास के दुकानदारों की भारी सूझबूझ और समय पर की गई मुस्तैदी के चलते लपटें वहां तक नहीं पहुंच सकीं, जिससे एक बहुत बड़ा हादसा होने से बाल-बाल टल गया. खबर है कि टिब्बा रोड पर पूर्व विधायक संजय तलवार के कार्यालय वाली गली में ‘वर्मा ऑटो रिपेयर’ नाम से दुकान स्थित है. दुकान संचालक शाम को रोजमर्रा की तरह अपनी दुकान का शटर बंद करके घर चला गया था.

कुछ ही देर बाद पास के दुकानदारों ने बंद दुकान के शटर की दरारों से अचानक घना काला धुआं निकलते देखा. अनहोनी की आशंका को भांपते हुए जागरूक दुकानदारों ने बिना एक पल गंवाए तुरंत दुकान मालिक को फोन कर घटना की जानकारी दी. सूचना मिलते ही दुकान मालिक ने तुरंत अपनी चाबियों के साथ एक कर्मचारी को मौके पर भेजा. कर्मचारी ने जैसे ही दुकान पर पहुंचकर हड़बड़ाहट में शटर का ताला खोला, तो अंदर का खौफनाक मंजर देखकर सबके होश उड़ गए. दुकान के अंदर रिपेयर के लिए खड़ी एक्टिवा और एक मोटरसाइकिल धू-धू कर जल रही थीं और आग की लपटें तेजी से छत की ओर उठ रही थीं.

आसपास के दुकानदारों और मोहल्ला निवासियों ने गजब का साहस दिखाते हुए तुरंत जलते हुए दोनों दोपहिया वाहनों को मुश्किल से बाहर किया. लोगो ने हालात को देखते हुए अपनी अपनी दुकानों से पानी की बाल्टियां भर-भर कर आग पर पानी फेंकना शुरू किया और भारी मशक्कत के बाद लपटों को पूरी तरह शांत कर दिया. मना जा रहा है कि प्राथमिक तौर पर माना जा रहा है कि रिपेयर के लिए आई एक्टिवा की बैटरी में अचानक कोई अंदरूनी शॉर्ट सर्किट हुआ, जिसकी चिंगारी से पेट्रोल और वायरिंग ने आग पकड़ ली. देखते ही देखते लपटों ने साथ में खड़ी मोटरसाइकिल को भी अपनी गिरफ्त में ले लिया. हालांकि, आग लगने के असल कारणों की जांच की जा रही है. लोगों की त्वरित कार्रवाई के चलते आग दुकान के बाकी हिस्सों और लकड़ी के सामान तक नहीं फैल सकी, जिससे भारी आर्थिक नुकसान होने से बच गया.

प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि वर्मा ऑटो रिपेयर की दुकान से महज दो गज की दूरी पर ही बिजली विभाग का मुख्य ट्रांसफार्मर लगा हुआ है। यदि आग पर काबू पाने में 5 से 10 मिनट की भी देरी हो जाती या लपटें विकराल रूप धारण कर बाहर निकल आतीं, तो वे सीधे बिजली के ट्रांसफार्मर को अपनी चपेट में ले सकती थीं. यदि ट्रांसफार्मर में ब्लास्ट होता, तो पूरी गली और आसपास की दर्जनों दुकानें आग फैल जाती. स्थानीय लोगों ने इस हादसे में आग बुझाने में बेहद मदद की.