मलकानगिरी: वन्यजीव तस्करी पर कार्रवाई करते हुए मलकानगिरी जिले के मोटू में वन अधिकारियों ने बुधवार रात ओडिशा-आंध्र बॉर्डर के पास रेड मारकर 631 जिंदा कछुए बचाए।

अधिकारियों ने बताया कि गैर-कानूनी ट्रेडिंग के बारे में टिप मिलने के बाद यह ऑपरेशन शुरू किया गया था। आंध्र प्रदेश के दो व्यापारी कथित तौर पर पांच दूसरे लोगों को कछुए बेच रहे थे, तभी फॉरेस्ट कर्मचारियों ने दखल दिया। सभी सात आरोपियों को मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया गया।

करीब दो टन वजन के कछुए 38 ट्रे में पैक पाए गए। अधिकारियों ने स्मगलिंग की कोशिश में इस्तेमाल एक फोर-व्हीलर, दो मोटरसाइकिल और छह मोबाइल फोन भी जब्त किए।

फॉरेस्ट अधिकारियों का अनुमान है कि बचाए गए कछुओं की गैर-कानूनी मार्केट में कीमत कई लाख रुपये है। बचाव प्रक्रिया के तहत जानवरों को कस्टडी में ले लिया गया है।

जांचकर्ताओं को शक है कि यह ग्रुप ओडिशा और आंध्र प्रदेश के बीच क्रॉस-बॉर्डर तस्करी में शामिल था। केस रजिस्टर कर लिया गया है, और स्मगलिंग के पीछे के बड़े नेटवर्क का पता लगाने के लिए आगे की जांच चल रही है।