मुजफ्फरपुर। मेला देखकर लौट रहे एक युवक की हत्या के बाद हालात बेहद तनावपूर्ण हो गए हैं। इस हिंसक वारदात के बाद गुस्साए लोगों ने आरोपियों के घरों को निशाना बनाया और उनमें आग लगा दी। घटना की गंभीरता को देखते हुए इलाके में भारी पुलिस बल तैनात किया गया है और वरिष्ठ अधिकारी खुद स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं।

​कैसे हुई घटना की शुरुआत

​मोहम्मदपुर खाजे गांव के रहने वाले नवनीत कुमार अपने भतीजे सुभाष के साथ शनिवार की शाम को मेला घूमने के लिए निकले थे। रास्ते में किसी बात को लेकर उनका स्थानीय लड़कों से मामूली विवाद हो गया। देखते ही देखते यह विवाद इतना बढ़ गया कि दोनों पक्षों के बीच हिंसक झड़प शुरू हो गई।
​आरोप है कि विवाद के दौरान नवनीत कुमार की बेरहमी से पिटाई की गई और उसे चाकू मारकर गंभीर रूप से घायल कर दिया गया। परिजनों और स्थानीय लोगों की मदद से उसे तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। घटना के बाद पुलिस ने तुरंत सक्रियता दिखाते हुए शव को अपने कब्जे में लिया और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया था।

​शव पहुंचते ही भड़का आक्रोश और आगजनी

​रविवार की सुबह जैसे ही नवनीत का शव उसके पैतृक गांव पहुंचा, वहां का माहौल पूरी तरह गम और गुस्से में बदल गया। मृतक और आरोपी पक्ष अलग-अलग समुदायों और जातियों से ताल्लुक रखते थे, जिससे इलाके में तनाव और अधिक गहरा गया।
​आक्रोशित भीड़ ने एकजुट होकर परतापुर गांव का रुख किया और आरोपियों के घरों को निशाना बनाते हुए आधा दर्जन से अधिक घरों में आग लगा दी। चर्चा है कि इस दौरान इलाके में कई राउंड हवाई फायरिंग भी की गई, जिससे पूरे क्षेत्र में अफरा-तफरी का माहौल पैदा हो गया। पीड़ित परिवार के एक सदस्य नरेश राम ने बताया कि स्थानीय स्तर पर अवैध गतिविधियों की वजह से यह विवाद उपजा था और सभी आरोपी घटना के तुरंत बाद अपने घर छोड़कर फरार हो गए थे।

​प्रशासन की सख्ती और पुलिस बल की तैनाती

​घटना की सूचना मिलते ही पुलिस प्रशासन में हड़कंप मच गया। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए ग्रामीण एसपी राजेश सिंह प्रभाकर, सिटी एसपी मोहिबुल्लाह अंसारी, सरैया एसडीपीओ अभिजीत कौर समेत कई थानों की पुलिस और दमकल की गाड़ियां तुरंत मौके पर रवाना हुईं।
​अग्निशमन कर्मियों ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। मुजफ्फरपुर के एसएसपी कांतेस कुमार मिश्रा ने स्पष्ट चेतावनी देते हुए कहा है कि हत्या के मामले में तुरंत कानूनी कार्रवाई की जा रही है और कानून को अपने हाथ में लेने वाले किसी भी उपद्रवी को बख्शा नहीं जाएगा। फिलहाल गांव में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए भारी पुलिस बल कैंप कर रहा है।