नालंदा। बिहार राज्य खेल प्राधिकरण के वार्षिक खेल कार्यक्रम 2026-27 के तहत नालंदा जिले में तीन दिवसीय जिला स्तरीय विद्यालय खेल प्रतियोगिता का आयोजन किया जाएगा। प्रतियोगिता का आयोजन 30 सितंबर से 2 अक्टूबर तक होगा। जिले के अलग-अलग विद्यालयों से अंडर-14, अंडर-17 और अंडर-19 आयु वर्ग के बालक और बालिका खिलाड़ी इसमें हिस्सा लेंगे। प्रतियोगिता को लेकर जिला प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं।
प्रतियोगिता के सफल और सुचारू संचालन को लेकर उप विकास आयुक्त सारा अशरफ ने संबंधित विभागों के अधिकारियों को सभी तैयारियां समय सीमा के भीतर पूरी करने के निर्देश दिए हैं। खेल प्रतियोगिताओं के लिए जिले में कुल छह प्रमुख स्थलों का चयन किया गया है। इन मैदानों पर अलग-अलग खेलों की प्रतियोगिताएं आयोजित होंगी।

दीपनगर स्टेडियम में कई खेलों का आयोजन

दीपनगर स्टेडियम प्रतियोगिता का प्रमुख केंद्र रहेगा। यहां 30 सितंबर से 2 अक्टूबर तक एथलेटिक्स, कबड्डी और खो-खो की प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएंगी। वहीं 1 और 2 अक्टूबर को वॉलीबॉल के मुकाबले होंगे। इसी मैदान पर 2 अक्टूबर को रग्बी और बालक वर्ग की कुश्ती प्रतियोगिता भी कराई जाएगी।

किसान कॉलेज में मार्शल आर्ट्स की स्पर्धाएं

किसान कॉलेज, सोहसराय में मार्शल आर्ट्स समेत अन्य खेल प्रतियोगिताओं का आयोजन होगा। यहां 30 सितंबर को वुशु, 1 अक्टूबर को कराटे और 2 अक्टूबर को ताइक्वांडो, योगा और शतरंज की प्रतियोगिताएं होंगी। वहीं, सोगरा हाई स्कूल में 30 सितंबर को फुटबॉल और 1 अक्टूबर को हैंडबॉल के मुकाबले आयोजित किए जाएंगे।

इन जगहों पर भी होंगे खेल

नालंदा हेल्थ क्लब, एतवारी बाजार में 1 अक्टूबर को बैडमिंटन और भारोत्तोलन प्रतियोगिताएं होंगी। +2 उच्च विद्यालय पतासंग, रहुई में 2 अक्टूबर को बालक वर्ग की क्रिकेट और बास्केटबॉल प्रतियोगिताएं कराई जाएंगी। साइकिलिंग प्रतियोगिता को भी खेल महोत्सव में शामिल किया गया है। 30 सितंबर को मोगल कुआं चौक से नया रहुई रोड तक साइकिलिंग रेस आयोजित की जाएगी। इस दौरान खिलाड़ी अपनी रफ्तार और दमखम का प्रदर्शन करेंगे।

खिलाड़ियों की सुरक्षा के लिए विशेष इंतजाम

प्रतियोगिता के निष्पक्ष और पारदर्शी संचालन के लिए जिला खेल पदाधिकारी के संयोजन में एक समिति बनाई गई है। इसमें करीब 60 शारीरिक शिक्षा शिक्षकों, प्रशिक्षकों और निर्णायकों की तैनाती की जाएगी। खिलाड़ियों के सत्यापन के लिए विशेष पर्यवेक्षकों की भी ड्यूटी लगाई गई है। सुरक्षा व्यवस्था को लेकर अनुमंडल प्रशासन की ओर से सभी खेल स्थलों पर पर्याप्त संख्या में दंडाधिकारी और पुलिस बल की प्रतिनियुक्ति की जा रही है।

पेयजल, सफाई और मेडिकल टीम रहेगी तैनात

खेल प्रतियोगिता के दौरान खिलाड़ियों और दर्शकों को किसी तरह की परेशानी न हो, इसके लिए भी कई स्तर पर इंतजाम किए जा रहे हैं। नगर निगम को मैदानों के समतलीकरण, साफ-सफाई और सचल शौचालय की व्यवस्था की जिम्मेदारी दी गई है। लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग की ओर से खेल स्थलों पर शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराने के लिए पानी के टैंकर लगाए जाएंगे। वहीं, किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए स्वास्थ्य विभाग को सभी प्रतियोगिता केंद्रों पर डॉक्टरों की टीम, जरूरी जीवनरक्षक दवाएं और एंबुलेंस उपलब्ध रखने के निर्देश दिए गए हैं। जिला प्रशासन का जोर प्रतियोगिता को सुरक्षित, व्यवस्थित और निष्पक्ष तरीके से संपन्न कराने पर है। तीन दिनों तक चलने वाली इस प्रतियोगिता में नालंदा के स्कूली खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा दिखाने का मौका मिलेगा।