Lifestyle Desk – घर की साफ-सफाई करते समय फर्श, फर्नीचर और खिड़कियों की सफाई पर तो ध्यान दिया जाता है, लेकिन पर्दे अक्सर नजरअंदाज हो जाते हैं। जबकि खिड़कियों और दरवाजों के पास लगे पर्दों पर धूल बहुत जल्दी जम सकती है। कुछ ही दिनों में पर्दों का रंग फीका और कपड़ा गंदा नजर आने लगता है। बार-बार पर्दे उतारकर धोना भी आसान काम नहीं है। इससे समय और मेहनत दोनों लगते हैं और कुछ नाजुक कपड़ों को बार-बार धोने से उनकी चमक या फैब्रिक भी प्रभावित हो सकता है। ऐसे में कुछ आसान आदतें अपनाकर पर्दों पर धूल जमने की रफ्तार कम की जा सकती है।आइए जानते हैं पर्दे की सफाई का तरीका।

रोजाना झाड़ने के बजाय करें हल्की सफाई

पर्दों को धूल से बचाने के लिए रोजाना उन्हें झाड़ना जरूरी नहीं है। इससे धूल कमरे में ही फैल सकती है। इसके बजाय हफ्ते में एक या दो बार पर्दों पर हल्के हाथ से वैक्यूम क्लीनर चलाएं। वैक्यूम में ब्रश अटैचमेंट हो तो उसका इस्तेमाल करें। इसे बहुत तेज गति या ज्यादा दबाव से न चलाएं, खासकर नाजुक और पतले पर्दों पर।

पर्दों को समय-समय पर धूप दिखाएं

मौसम और कपड़े के अनुसार पर्दों को कुछ समय के लिए खुली हवा और हल्की धूप में रखा जा सकता है। इससे उनमें जमा नमी कम करने में मदद मिल सकती है और कमरे में बंद रहने से आने वाली बासी गंध भी कम हो सकती है। हालांकि, बहुत तेज धूप में लंबे समय तक रंगीन पर्दों को रखने से उनका रंग फीका पड़ सकता है। इसलिए कपड़े के अनुसार ही यह तरीका अपनाएं।

खिड़कियों की भी सफाई रखें

कई बार पर्दे खुद ज्यादा गंदे नहीं होते, बल्कि खिड़की की धूल और आसपास की गंदगी उनके ऊपर जमा होती रहती है। इसलिए पर्दों के साथ खिड़की की ग्रिल, फ्रेम और सिल को भी नियमित रूप से साफ करें। अगर खिड़की के आसपास धूल जमा नहीं होगी, तो पर्दों पर भी कम गंदगी पहुंचेगी।

पर्दों को जमीन पर न लटकने दें

अगर पर्दों का निचला हिस्सा जमीन को छूता है, तो वहां से धूल और मिट्टी जल्दी कपड़े पर लग सकती है। खासकर उन कमरों में जहां ज्यादा आवाजाही होती है, पर्दों की लंबाई ऐसी रखना बेहतर है कि उनका निचला हिस्सा फर्श से थोड़ा ऊपर रहे। इससे पर्दों के नीचे का हिस्सा कम गंदा होगा।

कमरे में धूल जमा होने के कारण कम करें

पर्दों पर धूल कम जमा करने के लिए सिर्फ पर्दों की सफाई करना काफी नहीं है। घर में धूल के दूसरे स्रोतों पर भी ध्यान दें। फर्नीचर, कालीन, सोफा, बेड और खिड़कियों की नियमित सफाई करें। घर में बहुत ज्यादा धूल हो तो पर्दे भी जल्दी गंदे होंगे।

पर्दों के पास खाना न खाएं

अगर पर्दे डाइनिंग एरिया या रसोई के पास हैं, तो उन पर धूल के साथ तेल और खाने की गंध भी जमा हो सकती है। रसोई के पास लगे पर्दों को खासतौर पर साफ रखना जरूरी है। खाना बनाते समय एग्जॉस्ट फैन या चिमनी का इस्तेमाल करें, ताकि धुआं और चिकनाई पर्दों तक कम पहुंचे।

पर्दों को हर बार धोना जरूरी नहीं

अगर पर्दे पर सिर्फ हल्की धूल है और कोई दाग या बदबू नहीं है, तो हर बार उन्हें पानी में धोने की जरूरत नहीं होती। पहले वैक्यूम या हल्की ड्राई क्लीनिंग जैसी सुरक्षित सफाई आजमाई जा सकती है। हालांकि, पर्दे को धोने की जरूरत कब है, यह उसके फैब्रिक और निर्माता के निर्देशों पर निर्भर करता है।अगर पर्दों पर दाग लग गए हैं, बदबू आ रही है या घर में किसी को धूल से एलर्जी की समस्या है, तो सफाई पर ज्यादा ध्यान देना जरूरी है। नाजुक या महंगे पर्दों को साफ करने से पहले उनके केयर लेबल पर दिए निर्देश जरूर पढ़ें।

इस तरह थोड़ी नियमित सफाई और घर में धूल के स्रोतों को कम करके पर्दों को लंबे समय तक साफ-सुथरा रखा जा सकता है। इससे बार-बार पर्दे उतारकर धोने की मेहनत भी कम होगी और उनकी खूबसूरती भी बनी रहेगी।