पटना। पालीगंज अनुमंडल के रानीतालाब थाना क्षेत्र के जीतन छपरा गांव में घटना सामने आई है। यहां एक बड़े भाई ने अपने ही सगे डेढ़ साल के छोटे भाई की गला रेतकर हत्या कर दी। आरोपी भाई ने इस वारदात को गांव के ही एक दुर्गा मंदिर में अंजाम दिया और इसके बाद मासूम के शव को कंधे पर रखकर घर की ओर लौट रहा था। रास्ते में ग्रामीणों की नजर पड़ी तो उन्होंने आरोपी को धर दबोचा और पुलिस के हवाले कर दिया।

​खिलौने का लालच देकर मंदिर ले गया था आरोपी

​मृतक मासूम बच्चे की पहचान डेढ़ साल के मनीष के रूप में हुई है, जबकि आरोपी बड़े भाई की पहचान 22 वर्षीय अजीत कुमार उर्फ बाला के रूप में हुई है। घटना शनिवार सुबह करीब 10 बजे की है। प्रत्यक्षदर्शियों और परिजनों के मुताबिक, आरोपी अजीत नशे का आदी है और वह गांजा, स्मैक व शराब जैसी नशीली चीजों का सेवन करता था।
​सुबह के वक्त अजीत घर पहुंचा और अपने सबसे छोटे भाई मनीष को दुलारने और खिलाने का बहाना बनाकर उसे अपने साथ ले गया। वह बच्चे को घर के पास स्थित दुर्गा मंदिर परिसर में ले गया। वहां उसने किसी अंधविश्वास या अन्य वजह से धारदार हथियार से मासूम का सिर काटकर उसकी हत्या कर दी।

​शव छिपाने की कोशिश कर रहा था आरोपी

​घटना की जानकारी देते हुए गांव की एक महिला ने बताया कि अजीत घर आया था और मनीष को तलाशते हुए उसे अपनी मां से लेकर गया था। कुछ देर बाद जब वह लौटा, तो उसके कंधे पर मनीष का खून से सना शव था। शुरुआत में ग्रामीणों को लगा कि बच्चा किसी दुर्घटना का शिकार हुआ है, लेकिन जब पास जाकर देखा तो उसके गले पर गहरे घाव और खून देखकर होश उड़ गए। अजीत बार-बार मृत बच्चे के शव को छिपाने की कोशिश कर रहा था। शक होने पर ग्रामीणों ने तुरंत उसे घेर लिया और पकड़कर पुलिस को सूचना दी।

​पिता और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल

​घटना की सूचना मिलने पर बच्चे के माता-पिता मौके पर पहुंचे, जिसके बाद पूरे परिवार में कोहराम मच गया। मृत बच्चे के पिता रंजू यादव ने बताया कि घटना के वक्त वे खेतों में काम कर रहे थे। उन्हें गांव के लोगों से सूचना मिली कि उनके छोटे बेटे की गर्दन काट दी गई है।
​शुरुआत में उन्हें इस बात पर यकीन नहीं हुआ, लेकिन खेत का काम खत्म कर घर लौटने पर उन्हें इस भयानक सच्चाई का पता चला। पिता ने बताया कि आरोपी बेटा पांचवीं कक्षा तक पढ़ा है और उन्हें समझ नहीं आ रहा है कि उसने ऐसा क्यों किया। उन्होंने कहा कि यदि उसे पैसों की जरूरत थी, तो वह उनसे मांग सकता था, लेकिन इस तरह की हैवानियत की किसी ने उम्मीद नहीं की थी।

​पुलिस और FSL टीम कर रही है मामले की जांच

​घटना की सूचना मिलते ही रानीतालाब थाना पुलिस और पालीगंज डीएसपी पंकज शर्मा तुरंत मौके पर पहुंचे। पुलिस ने आरोपी बड़े भाई अजीत को हिरासत में ले लिया है और उससे कड़ाई से पूछताछ की जा रही है।
​इसके साथ ही घटनास्थल पर पहुंची FSL (फॉरेसिंक साइंस लैब) की टीम ने मौके से कई महत्वपूर्ण साक्ष्य जुटाए हैं। पुलिस हत्या में इस्तेमाल किए गए हथियार की बरामदगी के लिए भी लगातार छापेमारी और जांच कर रही है। डीएसपी पंकज शर्मा ने बताया कि हत्या के स्पष्ट कारणों का अभी तक पता नहीं चल सका है। पुलिस परिजनों और आरोपी से पूछताछ कर आगे की कानूनी कार्रवाई में जुटी हुई है।