चंडीगढ़। तरनतारन विधानसभा उपचुनाव में कांग्रेस की करारी हार और उम्मीदवार की जमानत जब्त होने के बाद पंजाब कांग्रेस में अंदरूनी कलेश चरम पर पहुंच गई है। पार्टी के भीतर होती गुटबाजी के बीच सूत्र बता रहे हैं कि जनवरी के पहले सप्ताह में मौजूदा प्रदेश अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग को पद से हटा दिया जा सकता है।

उपचुनाव में कांग्रेस चौथे स्थान पर रही और उसकी जमानत तक जब्त हो गईं। कांग्रेस नेताओं ने हार के लिए राजा वड़िंग की विवादास्पद बयानबाजी को जिम्मेदार ठहराया हैं। पूर्व केंद्रीय मंत्री बूटा सिंह के खिलाफ उनकी कथित अपमानजनक टिप्पणियां और सिख बच्चों के बालों से छेड़छाड़ जैसे मुद्दों को हार का बड़ा कारण माना जा रहा है।

चरणजीत सिंह चन्नी ने खुलकर दांव खेला

इन अफवाहों के बीच पूर्व मुख्यमंत्री और जालंधर सांसद चरणजीत सिंह चन्नी ने अध्यक्ष पद के लिए अपनी दावेदारी मजबूत करने की मुहिम तेज कर दी है। चन्नी ने अपने बेटे के जन्मदिन के बहाने मोरिंडा स्थित अपने आवास पर पंजाब कांग्रेस के लगभग सभी बड़े नेताओं को एक मंच पर जुटाया।

2027 के मुख्यमंत्री पद की दौड़ शुरू

सूत्रों का कहना है कि चन्नी का असली मकसद सिर्फ प्रदेश अध्यक्ष पद नहीं, बल्कि 2027 के विधानसभा चुनाव में फिर से मुख्यमंत्री बनने का रास्ता साफ करना है। वे किसी भी दूसरे नेता को पार्टी की कमान के बहाने मुख्यमंत्री पद का दावेदार बनने से रोकना चाहते है।