चंडीगढ़ : पंजाब के रावी नदी की तेज धारा ने भारत-पाक सीमा पर लगी लगभग 30 किलोमीटर लोहे की फेंसिंग बहा दी और कई जगह बांध भी तोड़ दिए। इसके चलते सीमा सुरक्षा बल को दर्जनों चौकियां खाली करनी पड़ीं। अधिकारियों के अनुसार, गुरदासपुर, अमृतसर और पठानकोट जिलों में अब तक 50 से अधिक सुरक्षात्मक बांधों में दरारें आ चुकी हैं।
बीएसएफ पंजाब फ्रंटियर के डीआईजी ए.के. विद्यार्थी ने स्थिति की पुष्टि करते हुए कहा कि गुरदासपुर में हमारी लगभग 30 से 40 चौकियां पानी में डूब गईं। सभी जवानों और उपकरणों को सुरक्षित निकाल लिया गया है। अमृतसर, गुरदासपुर और फिरोज़पुर सेक्टर में लगभग 30 किलोमीटर बॉर्डर फेंसिंग को नुकसान हुआ है।

सोशल मीडिया पर सामने आई तस्वीरों में अमृतसर के शहज़ादा गांव का एक परिवार बीएसएफ की कमलपुर चौकी में शरण लेता दिखा, जिसे जवानों ने पानी बढ़ने के कारण खाली किया था। इतना ही नहीं, करतारपुर कॉरिडोर के पास स्थित प्रतिष्ठित बीएसएफ पोस्ट भी पानी में डूब गया, जिसके बाद जवानों ने ऐतिहासिक गुरुद्वारा डेरा बाबा नानक साहिब में शरण ली। एक अधिकारी ने बताया कि रावी नदी ने ज़ीरो लाइन के दोनों ओर बाढ़ ला दी है। यहां तक कि पाकिस्तान रेंजर्स ने भी अपनी चौकियां खाली कर दी हैं।
- BSP का ऐलान: यूपी चुनाव 2027 अकेले लड़ेगी बसपा, सुलतानपुर सदर से इम्तियाज ‘भुट्टो’ के नाम पर लगी मुहर
- पाकिस्तान में 1,000 रुपए तक पहुंच सकता है पेट्रोल, अभी 389 रुपए लीटर ; बांग्लादेश में भी बढ़े Fuel Prices
- उल्बा पंचायत में फिर गरमाई सियासत: सरपंच नेहरू साहू के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव पारित, पक्ष में 3 तो विरोध में पड़े 9 वोट
- MP के इंटर्न डॉक्टरों को मोहन सरकार का बड़ा तोहफा: स्टाइपेंड बढ़ाकर किया 21,500 रुपए प्रति माह; स्वास्थ्य विभाग ने जारी किया आदेश
- छत्तीसगढ़ में शिक्षक भर्ती का रास्ता साफ, 854 व्याख्याता पदों पर होगी भर्ती, लोक शिक्षण संचालनालय ने जारी किया आदेश


