पंजाब के राज्यपाल गुलाब चंद कटारिया ने अपनी पत्नी अनीता कटारिया के साथ शुक्रवार को तरनतारन में स्थित गुरुद्वारा श्री बाउली साहिब में मत्था टेका।
शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक समिति (एसजीपीसी) के अध्यक्ष हरजिंदर सिंह धामी एवं कुछ पदाधिकारियों और सदस्यों ने गुरुद्वारे में राज्यपाल को सम्मानित किया।
राज्यपाल गुरुद्वारा श्री बाउली साहिब में लगभग एक घंटे तक रुके और इस दौरान उन्होंने ‘लंगर’ व्यवस्था का जायजा लिया।
कटारिया ने कहा कि अगर आज देश की धार्मिक संस्कृति, परंपराएं और संस्कार सुरक्षित हैं तो इसका श्रेय सिख गुरुओं को जाता है।

उन्होंने कहा कि देश की धार्मिक संस्कृति को बचाने के लिए सिख गुरुओं द्वारा दिया गया योगदान और बलिदान इतिहास में अमर है।
- जामताड़ा की तर्ज पर करेरा बना साइबर ठगों का हॉट स्पॉट: अश्लीलता के जाल में फंसाकर लूटे करोड़ों, जालसाजी के पैसों से बनाए आलिशान मकान, 20 पुरुष और 1 महिला गिरफ्तार
- उत्कल दिवस पर भुवनेश्वर में खोला जाएगा वीज़ा एप्लीकेशन सेंटर
- भाजपा ने 22 का चुनाव तो जीता, मगर 27… हरीश रावत ने धामी सरकार को घेरा, मंहगाई, बेरोजगारी और मुस्लिम यूनिवर्सिटी को लेकर दिया बड़ा बयान
- पंजाब में प्रशासनिक फेरबदल, 9 IAS और 87 PCS अधिकारी शामिल
- रोहतास में एटीएम चोरी के दौरान अपराधी एवं पुलिस में हुई भिड़ंत, फायरिंग करते हुए भाग निकले सभी अपराधी


