Rajasthan MD Drugs Factory: राजस्थान के बालोतरा जिले के मिठौड़ा गांव में कथित तौर पर घर के पास बने छप्पर में MD ड्रग्स बनाने की फैक्ट्री चलाने का मामला सामने आया है। एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स (ANTF) और पुलिस की संयुक्त टीम ने छापेमारी कर एक सरकारी डॉक्टर समेत तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है।

पुलिस के मुताबिक, मौके से 3.764 किलो कच्ची MD ड्रग्स, केमिकल, मशीनरी, 3 लाख 41 हजार 700 रुपये नकद और एक कार जब्त की गई है। मुख्य आरोपी पर YouTube वीडियो देखकर ड्रग्स बनाने की प्रक्रिया सीखने और आसपास के इलाकों में इसकी सप्लाई करने का आरोप है।

बालोतरा के मिठौड़ा गांव में छापेमारी

पुलिस के अनुसार, आईजी विकास कुमार को मिली जानकारी के आधार पर ANTF को मिठौड़ा निवासी सुरेश कुमार विश्नोई के बारे में सूचना मिली थी। आरोप था कि वह अपने घर के पास MD ड्रग्स बनाने का काम कर रहा है। इसके बाद ANTF और पुलिस की संयुक्त टीम ने मौके पर दबिश दी। कार्रवाई के दौरान घर के बाहर बने छप्पर में मौजूद तीन युवकों को पकड़ा गया। तलाशी में 3.764 किलो कच्ची MD ड्रग्स के अलावा 888 ग्राम ‘2-ब्रोमो 4-मिथाइलप्रोफियोफेनोन’ पाउडर और 800 ग्राम अन्य केमिकल मिलने की जानकारी दी गई है।

मौके से इलेक्ट्रिक बिलौना मशीन, इंडक्शन चूल्हा, बड़ा कांच का जार और थर्मामीटर भी बरामद किए गए। पुलिस ने 3 लाख 41 हजार 700 रुपये नकद और एक कार जब्त करने की भी जानकारी दी है।

प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के बाद ड्रग्स कारोबार से जुड़ने का आरोप

पुलिस के मुताबिक, मुख्य आरोपी सुरेश कुमार विश्नोई ग्रेजुएट है। उसने पटवारी, ग्राम सेवक, पुलिस कांस्टेबल, वनरक्षक और सब-इंस्पेक्टर समेत कई प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी की थी, लेकिन उसे सफलता नहीं मिली। इसके बाद वह वर्ष 2022 में बेंगलुरु गया। वहां उसने एक दोस्त के साथ दवा सप्लाई का काम किया। पुलिस के अनुसार, वर्ष 2024 में गांव लौटने के बाद वह कथित तौर पर नशे के कारोबार से जुड़े लोगों के संपर्क में आया।

पूछताछ में सामने आए तथ्यों के आधार पर पुलिस का आरोप है कि सुरेश ने YouTube वीडियो देखकर MD ड्रग्स बनाने की प्रक्रिया सीखी। इसके बाद उसने केमिकल जुटाकर घर के पास ही कथित अवैध फैक्ट्री शुरू कर दी।

सरकारी डॉक्टर और एक अन्य युवक भी गिरफ्तार

पुलिस ने इस मामले में जालोर जिला अस्पताल में तैनात सरकारी डॉक्टर मुकेश विश्नोई और उत्कर्ष को भी गिरफ्तार किया है। पुलिस का आरोप है कि सुरेश तैयार खेप बेचने के लिए दोनों को बुलाता था। जांच एजेंसी के मुताबिक, तीनों बालोतरा, जालोर, सिवाना और आसपास के इलाकों में MD ड्रग्स की सप्लाई से जुड़े थे। कार्रवाई के समय भी दोनों आरोपी कथित तौर पर खेप खरीदने के लिए सुरेश के घर पहुंचे थे।

दूसरे सप्लायरों और खरीदारों की तलाश

तीनों आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद पुलिस अब कथित नेटवर्क के दूसरे सदस्यों, खरीदारों और केमिकल सप्लाई करने वालों के बारे में जानकारी जुटा रही है। मामले में आगे की पूछताछ जारी है। पुलिस की कार्रवाई में ड्रग्स के साथ केमिकल, मशीनरी, नकदी और कार जब्त की गई है। हालांकि, आरोपियों पर लगे आरोपों की अंतिम पुष्टि जांच और न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही होगी।

पढ़ें ये खबरें