Rajasthan News: भाजपा छोड़कर कांग्रेस में लौटे आदिवासी नेता महेंद्र सिंह मालवीय ने बड़ा बयान दिय है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस से गया हुआ कोई भी नेता भाजपा में कभी सहज महसूस नहीं करता। कांग्रेस में वापसी के बाद महेंद्र सिंह मालवीय ने प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा से पीसीसी वॉर रूम में मुलाकात की। इसके बाद उन्होंने कहा कि चालीस साल जिस घर में रहा, वहां दोबारा लौटना सुकून देने वाला है।

पार्टी छोड़ने के फैसले पर मालवीय ने माना कि उनका फैसला गलत था, लेकिन अब वह अपनी जगह पर लौट आए हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस और भाजपा के कामकाज और सोच में बुनियादी फर्क है, यही वजह है कि कांग्रेस से गया नेता भाजपा में कभी कंफर्टेबल नहीं रह पाता।
कार्यकर्ताओं के भरोसे पर उतरने का दावा
मालवीय ने कहा कि पार्टी ने उन पर दोबारा भरोसा जताया है और वह इस भरोसे पर खरा उतरेंगे। जल्द ही बांसवाड़ा में एक बड़ी रैली आयोजित की जाएगी। कांग्रेस और भाजपा की तुलना करते हुए उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने देश की आज़ादी की लड़ाई लड़ी है, उसका मुकाबला भाजपा नहीं कर सकती।
पुरानी बातों पर चर्चा से किया इनकार
यह पूछे जाने पर कि पार्टी ने उन्हें सरपंच से लेकर सीडब्ल्यूसी सदस्य तक सब कुछ दिया, फिर पार्टी छोड़ने का फैसला क्यों लिया, मालवीय ने कहा कि जो बातें पीछे छूट गई हैं, उन पर अब चर्चा करना ठीक नहीं। उन्होंने कहा कि पार्टी ने फिर से भरोसा जताया, यही सबसे अहम बात है। निकाय और पंचायत चुनावों को लेकर मालवीय ने दावा किया कि पिछले 25 वर्षों से बांसवाड़ा में पंचायत चुनावों में कांग्रेस का दबदबा रहा है और इस बार भी बांसवाड़ा, डूंगरपुर और प्रतापगढ़ में कांग्रेस बेहतर प्रदर्शन करेगी।
पढ़ें ये खबरें
- Morning News Brief: आशा भोसले का निधन; पीएम मोदी बोले- TMC ने मदरसों को ₹6000 करोड़ दिए; सीएम फडणवीस का दावा-कांग्रेस में राहुल गांधी को हटाने की तैयारी चल रही
- 13 April History: भारत बना पहले एशिया कप का चैम्पियन, श्रीदेवी को मिला बेस्ट एक्ट्रेस का नेशनल अवॉर्ड
- 13 April 2026 Horoscope : इन राशियों के जातकों का दिन रहेगा मिला-जुला, कुछ को मिलेगा लाभ, जानिए अपना राशिफल
- 13 April 2026 Panchang : बैशाख माह के कृष्ण पक्ष की एकादशी तिथि आज, जानिए शुभ मुहूर्त और राहुकाल का समय
- Ayodhya Ramlala Aarti Live Darshan 13 April : श्री रामलला सरकार का दिव्य श्रृंगार, यहां कीजिए अलौकिक दर्शन
