रांची। छठ महापर्व को लेकर रांची नगर निगम ने तैयारियां तेज कर दी हैं। शहर के 72 छठ घाटों की साफ-सफाई और श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए 1200 से अधिक सफाई मित्रों को तैनात किया गया है। बेहतर प्रबंधन के लिए सभी घाटों को आठ जोन में बांटा गया है। प्रत्येक जोन की जिम्मेदारी अलग-अलग अधिकारियों को सौंपी गई है। इनमें सहायक नगर आयुक्त, सहायक लोक स्वास्थ्य पदाधिकारी, सैनिटरी इंस्पेक्टर, जोनल सुपरवाइजर और वार्ड सुपरवाइजर शामिल हैं।

घाटों और संपर्क मार्गों पर रोशनी के लिए 25 टीमें तैनात

छठ घाटों और वहां तक पहुंचने वाले संपर्क मार्गों पर पर्याप्त रोशनी की व्यवस्था के लिए नगर निगम की विद्युत शाखा की 25 टीमें लगाई गई हैं। इन टीमों को खराब और बंद पड़ी स्ट्रीट लाइटों को दुरुस्त करने के साथ जरूरत के अनुसार अतिरिक्त प्रकाश व्यवस्था सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी दी गई है।

वहीं, हॉर्टिकल्चर शाखा की दो टीमें घाटों और संपर्क मार्गों पर झुके हुए तथा सूखे पेड़ों की छंटाई में जुटी हैं। पेड़ों की खतरनाक शाखाओं को भी हटाया जा रहा है, ताकि श्रद्धालुओं को किसी तरह की परेशानी न हो।

पूजा समितियों के साथ समन्वय कर तैयार की जा रही व्यवस्था

नगर निगम की ओर से सभी छठ पूजा समितियों के साथ लगातार समन्वय किया जा रहा है। समितियों से मिलने वाले सुझावों और जरूरतों के आधार पर व्यवस्थाओं में सुधार किया जा रहा है।

अपर नगर आयुक्त संजय कुमार ने संबंधित अधिकारियों को घाटों पर चल रहे कार्यों की लगातार निगरानी करने का निर्देश दिया है। नगर निगम ने समस्याओं और शिकायतों के समाधान के लिए 24 घंटे की हेल्पलाइन भी जारी की है। श्रद्धालु हेल्पलाइन नंबर 18005701235 पर संपर्क कर सकते हैं।

गहरे पानी वाले स्थानों की होगी घेराबंदी

श्रद्धालुओं की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए घाटों पर गहरे पानी वाले स्थानों को चिह्नित किया जा रहा है। ऐसे स्थानों की बांस-बल्लियों और रिबन से घेराबंदी की जाएगी, ताकि श्रद्धालु अनजाने में गहरे पानी में न चले जाएं।

घाटों की सफाई के लिए आधुनिक मशीनों की मदद भी ली जा रही है। वार्ड 38 स्थित धुर्वा छोटा डैम में वीड हार्वेस्टिंग मशीन से जलकुंभी और जलीय खरपतवार हटाए जा रहे हैं। वहीं, वार्ड 47 के स्वर्णरेखा घाट, नामकुम में दो पोकलेन मशीनों से गाद निकाली जा रही है।

इसके अलावा शहर के अन्य तालाबों की सफाई के लिए चार जेसीबी और स्किड लोडर मशीनें लगाई गई हैं। नगर निगम का लक्ष्य छठ महापर्व से पहले घाटों और वहां तक पहुंचने वाले रास्तों को साफ-सुथरा और सुरक्षित बनाना है।