विकास कुमार/​सहरसा। जिले के सोनवर्षा राज थाना क्षेत्र में सुरसर नदी किनारे मिले सिर कटे शव की गुत्थी पुलिस ने सुलझा ली है। यह सनसनीखेज वारदात प्रेम प्रसंग और ‘प्रतिष्ठा’ के नाम पर अंजाम दी गई थी। मृतक की पहचान डरहार निवासी 26 वर्षीय राजेश कुमार के रूप में हुई है, जो बेंगलुरु में मजदूरी करता था।

​साजिश के तहत बेंगलुरु से बुलाया

​पुलिस जांच में खुलासा हुआ कि राजेश का बीरबल नामक युवक की शादीशुदा बहन से पिछले 4 साल से प्रेम संबंध था। परिवार इस रिश्ते के खिलाफ था। साजिश के तहत, बीरबल ने अपनी बहन से राजेश को फोन करवाया कि परिवार शादी के लिए मान गया है। प्रेम के झांसे में आकर राजेश 11 फरवरी को राजरानी एक्सप्रेस से सहरसा पहुंचा।

​नदी किनारे बेरहमी से हत्या

​सहरसा स्टेशन पर मुख्य आरोपी दर्शन यादव और बीरबल ने राजेश का स्वागत किया। उन्हें शादी कराने के बहाने बाइक पर बैठाकर सुरसर नदी के सुनसान किनारे ले जाया गया। वहां तीसरे आरोपी प्रिंस के साथ मिलकर तीनों ने राजेश की पिटाई की। प्रिंस ने उसके सिर में गोली मारी, जिसके बाद आरोपियों ने चाकू से गला काटकर सिर और धड़ अलग कर दिए।

​72 घंटे में खुलासा और गिरफ्तारी

​एसपी हिमांशु ने बताया कि वैज्ञानिक अनुसंधान और सोशल मीडिया की मदद से 12 घंटे में शव की पहचान हुई। विशेष टीम ने 72 घंटे के भीतर मुख्य आरोपी दर्शन यादव को सिमरी बख्तियारपुर स्टेशन से धर दबोचा। दर्शन की निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त देशी कट्टा, 5 कारतूस, खून लगा चाकू और घटना में इस्तेमाल बाइक बरामद कर ली गई है। फिलहाल पुलिस फरार आरोपियों की तलाश में छापेमारी कर रही है।