अलवर। सरिस्का टाइगर रिजर्व में पर्यटन सीजन शुरू होते ही जहां बड़ी संख्या में सैलानी पहुंच रहे हैं, वहीं सरिस्का से सटे थानागाजी क्षेत्र में मंगलवार देर रात टाइगर के सड़क पर घूमने का वीडियो वायरल होने से हड़कंप मच गया। वीडियो सामने आने के बाद वन विभाग की टीम तुरंत मौके पर पहुंची और टाइगर की मौजूदगी की जांच की।

हालांकि, मौके पर वन विभाग की टीम को टाइगर के पगमार्क या अन्य कोई स्पष्ट संकेत नहीं मिले। सरिस्का टाइगर रिजर्व के सीसीएफ संग्राम सिंह ने बताया कि वीडियो की जांच की जा रही है। शुरुआती तौर पर संभावना जताई जा रही है कि वीडियो पुराना हो सकता है, जिसे मंगलवार रात सोशल मीडिया पर वायरल किया गया।

2-3 मिनट तक सड़क पर घूमता दिखा बाघ

सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो थानागाजी क्षेत्र में अलवर-जयपुर मार्ग के आसपास का बताया जा रहा है। वीडियो में एक बाघ सड़क पर करीब 2 से 3 मिनट तक चहलकदमी करता दिखाई दे रहा है। इसके बाद वह एक दीवार फांदकर दूसरी ओर जाता नजर आ रहा है।

वीडियो एक वाहन चालक ने मोबाइल से रिकॉर्ड किया है। सोशल मीडिया पर इसे सरिस्का के टाइगर एसटी-21 (युवराज) से जोड़कर भी चर्चा की जा रही है, हालांकि वन विभाग ने इसकी पुष्टि नहीं की है। विभाग अब यह पता लगाने में जुटा है कि वीडियो कब और कहां रिकॉर्ड किया गया था।

वन विभाग की टीम ने रात में किया निरीक्षण

वीडियो वायरल होने के बाद वन विभाग की टीम देर रात मौके पर पहुंची और आसपास के क्षेत्र की निगरानी की। हालांकि, मौके पर बाघ की मौजूदगी के कोई पुख्ता संकेत नहीं मिले। एहतियात के तौर पर टीम रातभर क्षेत्र में सतर्क रही।सीसीएफ संग्राम सिंह ने लोगों से अपील की कि अंधेरे में अकेले जंगल या सुनसान इलाकों की ओर जाने से बचें।

विधायक और पुलिस ने भी लोगों को किया अलर्ट

वीडियो वायरल होने के बाद थानागाजी विधायक कांति प्रसाद मीणा ने स्थानीय लोगों से सावधानी बरतने की अपील की। उन्होंने कहा कि लोग अकेले घर से बाहर न निकलें और जरूरत पड़ने पर समूह में ही बाहर जाएं। विधायक के मुताबिक, गवर्नमेंट कॉलेज रोड के आसपास पिछले 2-3 दिनों से बाघों की गतिविधि की चर्चा है।

वहीं, थानागाजी थाना प्रभारी महावीर सिंह ने भी लोगों को सुबह अंधेरे में मॉर्निंग वॉक या अन्य काम के लिए अकेले बाहर नहीं निकलने की सलाह दी है। पुलिस ने लोगों से अनावश्यक रूप से घरों से बाहर नहीं निकलने और सतर्क रहने की अपील की है।

फिलहाल वन विभाग वायरल वीडियो की वास्तविकता और उसके रिकॉर्ड किए जाने की तारीख की जांच कर रहा है। वीडियो पुराना है या हाल का, इसकी पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी।