अविनाश श्रीवास्तव/सासाराम। बिहार के नोखा में एलपीजी गैस सिलेंडर की भारी किल्लत ने अब उग्र रूप ले लिया है। गैस न मिलने से नाराज उपभोक्ताओं ने सासाराम-आरा मुख्य पथ को नोखा बाजार के पास जाम कर दिया। प्रदर्शनकारियों ने सड़क के बीचों-बीच खाली सिलेंडर रखकर आवागमन पूरी तरह ठप कर दिया, जिससे स्टेट हाईवे पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं।

​रात 2 बजे से कतार में खड़े उपभोक्ता

​प्रदर्शन कर रहे लोगों का दर्द है कि वे कड़ाके की ठंड और असुरक्षा के बीच रात दो बजे से ही लाइन में लग रहे हैं, फिर भी उन्हें खाली हाथ लौटना पड़ रहा है। उपभोक्ता मनोज सोनी ने बताया कि उन्होंने 1 मार्च को ही बुकिंग कराई थी, लेकिन एक महीना बीत जाने के बाद भी आपूर्ति नहीं हुई। वहीं, मीरा देवी जैसी कई महिलाओं का कहना है कि घर में महीनों से चूल्हा जलना मुश्किल हो गया है।

​कालाबाजारी के आरोप और प्रशासन की चुप्पी

​स्थानीय लोगों ने ‘अभय इंडेन सर्विस’ पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि एजेंसी द्वारा कृत्रिम किल्लत पैदा की जा रही है। उपभोक्ताओं का दावा है कि जहां आम लोगों को नंबर लगाने पर भी गैस नहीं मिल रही, वहीं कालाबाजारी में ऊंचे दामों पर सिलेंडर खुलेआम उपलब्ध हैं। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस मौके पर पहुंची और लोगों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन प्रदर्शनकारी तत्काल आपूर्ति की मांग पर अड़े रहे।

​एसडीएम का विवादास्पद रुख

​इस पूरे संकट पर एसडीएम नेहा कुमारी का रुख चौंकाने वाला रहा। उन्होंने क्षेत्र में गैस की किसी भी कमी से साफ इनकार कर दिया, लेकिन वितरण में हो रही देरी पर चुप्पी साधे रखी। इतना ही नहीं, उन्होंने मीडिया पर ही सवाल उठाते हुए पत्रकारों और प्रदर्शनकारी उपभोक्ताओं पर केस दर्ज करने की चेतावनी तक दे डाली। अधिकारियों का यह रवैया क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है।