महेंद्रगढ़। जम्मू-कश्मीर के श्रीनगर से महेंद्रगढ़ जिले के गांव गोद के लिए शुक्रवार को दुखद खबर आई। देश की सेवा में तैनात 144 बटालियन के इंस्पेक्टर जीडी मनोज कुमार शहीद हो गए। उनके शहीद होने की सूचना मिलते ही गांव और आसपास के क्षेत्र में शोक की लहर फैल गई।

मनोज कुमार गांव गोद के रहने वाले थे और सुरक्षा बल में रहते हुए देश की जिम्मेदारी निभा रहे थे। उनकी शहादत की खबर परिवार तक पहुंची तो घर में मातम छा गया। बताया गया है कि वह अपने पीछे पत्नी, चार बेटियों और एक बेटे सहित परिवार छोड़ गए हैं। परिवार के लिए यह क्षण बेहद पीड़ादायक है।

मनोज कुमार की शहादत की खबर के बाद गांव में भी माहौल गमगीन हो गया। जिस बेटे को ग्रामीण देश की सेवा करते देख गर्व महसूस करते थे, अब उसी के पार्थिव शरीर का इंतजार गांव कर रहा है।

जानकारी के अनुसार, शहीद मनोज कुमार की अंतिम यात्रा गहली बाईपास से गांव गोद तक निकाली जाएगी। यात्रा दोपहर करीब 2:30 बजे गहली बाईपास से रवाना होने की सूचना है। अंतिम विदाई में बड़ी संख्या में ग्रामीणों और क्षेत्र के लोगों के पहुंचने की संभावना है।

गांव गोद के लिए यह सिर्फ एक परिवार के बिछड़ने का दुख नहीं है, बल्कि उस बेटे को खोने का दर्द है जिसने देश की सुरक्षा के लिए अपना जीवन समर्पित किया। अब तिरंगे में लिपटा गांव का लाल जब अपनी मिट्टी में लौटेगा, तो पूरा गांव नम आंखों से उसे अंतिम विदाई देगा।