Business Desk- Stock Market Today : शेयर बाजार में शुक्रवार, 9 अक्टूबर को तेजी है। सेंसेक्स 700 अंक चढ़कर 72,300 के स्तर पर कारोबार कर रहा है। निफ्टी में भी 250 अंकों की तेजी है और यह 22,450 के पार पहुंच गया है।

IT और FMCG शेयरों में खरीदारी देखने को मिल रही है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के ईरान पर हमले को लेकर दिए गए बयान, कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट और TCS के बेहतर तिमाही नतीजों से बाजार को सपोर्ट मिला है।
इससे पहले गुरुवार को शेयर बाजार में भारी गिरावट आई थी। अब निवेशकों की नजर ग्लोबल संकेतों, विदेशी निवेशकों की बिकवाली और कंपनियों के तिमाही नतीजों पर है।
शेयर बाजार में तेजी की 3 वजहें
- ट्रम्प का ईरान पर हमले को लेकर बयान
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा है कि 3 नवंबर को होने वाले मिडटर्म चुनावों से पहले अमेरिका ईरान पर हमला नहीं करेगा। दोनों देशों के बीच बातचीत सकारात्मक रहने की खबरों से मध्य पूर्व में तनाव कम होने की उम्मीद बढ़ी है। इससे निवेशकों का भरोसा मजबूत हुआ और बाजार में खरीदारी को बढ़ावा मिला।
- कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट
ट्रम्प के बयान के बाद कच्चे तेल की सप्लाई को लेकर चिंता कम हुई है। ब्रेंट क्रूड 103 डॉलर प्रति बैरल से नीचे आ गया, जबकि WTI क्रूड 90 डॉलर प्रति बैरल के करीब पहुंच गया।
भारत अपनी जरूरत का बड़ा हिस्सा कच्चे तेल के आयात से पूरा करता है। ऐसे में तेल की कीमतों में गिरावट से देश का आयात बिल और महंगाई का दबाव कम होने की उम्मीद रहती है। इससे भारतीय शेयर बाजार को भी सहारा मिलता है।
- रुपए में 23 पैसे की मजबूती
शुरुआती कारोबार में भारतीय रुपया डॉलर के मुकाबले 23 पैसे मजबूत होकर 96.65 प्रति डॉलर पर पहुंच गया। रिजर्व बैंक के संभावित हस्तक्षेप और कच्चे तेल की कीमतों में नरमी को रुपए में सुधार की वजह माना जा रहा है। रुपए की मजबूती से आयात करने वाली कंपनियों को राहत मिल सकती है।
TCS के शेयर में 5% से ज्यादा तेजी
टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) के दूसरी तिमाही के नतीजों के बाद शुक्रवार को कंपनी के शेयर में 5% से ज्यादा की तेजी आई। शेयर 2,170 रुपए के स्तर पर कारोबार कर रहा था। कंपनी ने 12 रुपए प्रति शेयर का दूसरा अंतरिम डिविडेंड देने का ऐलान किया है।
TCS का दूसरी तिमाही में नेट प्रॉफिट सालाना आधार पर 15% बढ़कर 13,884 करोड़ रुपए हो गया। पिछले साल इसी तिमाही में कंपनी को 12,075 करोड़ रुपए का मुनाफा हुआ था।
विदेशी निवेशकों की ताबड़तोड़ बिकवाली
शेयर बाजार में तेजी के बावजूद विदेशी संस्थागत निवेशक (FII/FPI) लगातार बिकवाली कर रहे हैं। गुरुवार को विदेशी निवेशकों ने करीब 12,944 करोड़ रुपए के शेयर बेचे। बीते 7 दिनों में उनकी नेट बिकवाली 26,725 करोड़ रुपए और 30 दिनों में 82,170 करोड़ रुपए रही।
इसके उलट घरेलू संस्थागत निवेशकों (DII) ने गुरुवार को 10,703 करोड़ रुपए की नेट खरीदारी की। बीते 7 दिनों में उनकी खरीदारी 25,570 करोड़ रुपए और 30 दिनों में 89,649 करोड़ रुपए रही। घरेलू निवेशकों की खरीदारी बाजार को सहारा दे रही है।
एशियाई बाजारों में मिला-जुला कारोबार
शुक्रवार को एशियाई बाजारों में मिला-जुला कारोबार रहा। दिए गए आंकड़ों के मुताबिक, जापान का निक्केई 530 अंक यानी 0.77% गिरकर 68,512 पर रहा। हांगकांग का हैंगसेंग 246 अंक यानी 1.03% चढ़कर 24,032 पर पहुंचा। दक्षिण कोरिया के कोस्पी में 178 अंक यानी 2.62% की गिरावट दर्ज की गई। हंगल डे के मौके पर दक्षिण कोरिया का स्टॉक एक्सचेंज बंद रहने की जानकारी दी गई है।
अमेरिकी बाजार में भी मिला-जुला कारोबार
8 अक्टूबर को अमेरिकी बाजारों में भी मिला-जुला रुख रहा। डाउ जोन्स 52 अंक यानी 0.10% चढ़कर 51,232 पर बंद हुआ। वहीं, नैस्डैक 345 अंक यानी 1.25% गिरकर 27,193 और S&P 500 36 अंक यानी 0.47% टूटकर 7,765 पर बंद हुआ।
कल 1,000 अंक से ज्यादा गिरा था सेंसेक्स
गुरुवार को भारतीय शेयर बाजार में तेज गिरावट दर्ज की गई थी। सेंसेक्स 1,000 अंक से ज्यादा टूटकर बंद हुआ था। शुक्रवार की तेजी के बीच निवेशकों की नजर कच्चे तेल की कीमतों, रुपए की चाल, विदेशी निवेशकों की बिकवाली और वैश्विक बाजारों के संकेतों पर बनी हुई है। बाजार में आगे की दिशा इन कारकों के साथ कंपनियों के तिमाही नतीजों से भी प्रभावित हो सकती है।

