आशुतोष तिवारी, जगदलपुर। बस्तर संभाग का मुख्यालय जगदलपुर रविवार की शाम एक अद्भुत रोशनी से सराबोर हो उठा. अवसर था ऐतिहासिक दलपत सागर में आयोजित भव्य ‘दीपोत्सव’ का, जहाँ एक साथ 3 लाख दीये प्रज्वलित किए गए. नगर निगम और जिला प्रशासन की इस अनूठी पहल ने पूरे शहर को दीपावली जैसा माहौल दे दिया. इस गौरवपूर्ण कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में प्रदेश के उप मुख्यमंत्री अरुण साव शामिल हुए.

‘वंदे मातरम’ और ‘स्वच्छता’ की थीम पर आयोजन

इस वर्ष का दीपोत्सव विशेष रूप से “एक दीया स्वच्छता के नाम और एक दीया वंदे मातरम के नाम” थीम पर आधारित रहा. कार्यक्रम का शुभारंभ रानी घाट पर डिप्टी सीएम अरुण साव और नगर निगम महापौर संजय पांडे द्वारा विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर किया गया. इस दौरान वंदे मातरम की 150वीं जयंती के उपलक्ष्य में सामूहिक गायन भी हुआ, जिसने पूरे माहौल को देशभक्ति के रंग में सरोबार कर दिया.

सौंदर्यीकरण के लिए 10 करोड़ की मंजूरी

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए उपमुख्यमंत्री अरुण साव ने जगदलपुर वासियों को बधाई दी. उन्होंने कहा- “दलपत सागर को संवारने का जो बीड़ा जनता ने उठाया है, उसके सुखद परिणाम अब दिखने लगे हैं. राज्य सरकार भी इसके कायाकल्प के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है. मुख्यमंत्री नगरोत्थान योजना के तहत इसके सौंदर्यीकरण के लिए 10 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं.”

उन्होंने आगे जानकारी दी कि प्रोजेक्ट का टेंडर हो चुका है और जल्द ही धरातल पर काम शुरू होगा, जिससे आने वाले समय में दलपत सागर एक प्रमुख पर्यटन केंद्र के रूप में अपनी पहचान बनाएगा.

आतिशबाजी से नहाया आसमान

दीपों की कतारों के बीच दलपत सागर के तट पर जमकर आतिशबाजी भी की गई. लगातार पांचवें वर्ष आयोजित इस कार्यक्रम में हजारों की संख्या में शहरवासी शामिल हुए. लोगों ने न केवल दीप जलाए, बल्कि इस ऐतिहासिक धरोहर को स्वच्छ रखने का संकल्प भी लिया.