Lifestyle Desk : दिवाली पर रोशनी, मिठाइयों और आतिशबाजी के बीच छोटी सी लापरवाही भी भारी पड़ सकती है। पटाखे जलाते समय कई बार हाथ, चेहरा या शरीर का कोई दूसरा हिस्सा झुलस जाता है। कुछ मामलों में पटाखे की चिंगारी से मामूली जलन होती है, तो कभी तेज गर्मी या विस्फोट के कारण गंभीर चोट भी लग सकती है। ऐसे में घबराकर गलत उपाय अपनाने के बजाय सही प्राथमिक उपचार की जानकारी होना जरूरी है।

अक्सर जलने पर लोग तुरंत घी, तेल, टूथपेस्ट या हल्दी लगा देते हैं। लेकिन ऐसा करना नुकसान पहुंचा सकता है और चोट का इलाज मुश्किल बना सकता है। आइए जानते हैं कि दिवाली पर पटाखे से जलने की स्थिति में तुरंत क्या करना चाहिए और किन गलतियों से बचना जरूरी है।

जले हुए हिस्से को तुरंत ठंडे बहते पानी के नीचे रखें
अगर पटाखे की चिंगारी से त्वचा जल जाए, तो सबसे पहले उस हिस्से को ठंडे या सामान्य तापमान के बहते पानी के नीचे करीब 20 मिनट तक रखें। इससे त्वचा की गर्मी कम करने और जलने से होने वाले नुकसान को सीमित करने में मदद मिल सकती है।ध्यान रखें कि बर्फ या बहुत ठंडे पानी का इस्तेमाल न करें। इससे त्वचा को और नुकसान पहुंच सकता है। अगर शरीर का बड़ा हिस्सा जला है, तो चिकित्सा सहायता लेने में देर न करें और घायल व्यक्ति को ठंड लगने से भी बचाएं।

जले हुए हिस्से से गहने और तंग कपड़े हटाएं
जलने के बाद त्वचा में सूजन आ सकती है। इसलिए प्रभावित हिस्से के पास मौजूद अंगूठी, घड़ी, कंगन या तंग कपड़े सावधानी से हटा दें, बशर्ते वे त्वचा से चिपके न हों।
अगर कपड़ा जली हुई त्वचा से चिपक गया है, तो उसे खींचकर हटाने की कोशिश न करें। इससे चोट और गंभीर हो सकती है। ऐसे में तुरंत चिकित्सकीय मदद लें।

घी, तेल या टूथपेस्ट लगाने की गलती न करें
जलने पर घरेलू नुस्खे अपनाना आम है, लेकिन घी, तेल, टूथपेस्ट, हल्दी, मक्खन या अन्य पदार्थ लगाने से बचना चाहिए। ये त्वचा में गर्मी रोक सकते हैं, घाव को दूषित कर सकते हैं और डॉक्टर के लिए चोट का आकलन करना मुश्किल बना सकते हैं।जले हुए हिस्से को साफ रखें। ठंडे बहते पानी से प्राथमिक उपचार करने के बाद जरूरत पड़ने पर उसे साफ, चिपकने से बचने वाली पट्टी से ढकें।

जले हुए हिस्से पर पड़े छालों को न फोड़ें
अगर जलने के बाद त्वचा पर छाले पड़ जाएं, तो उन्हें फोड़ने या उनकी त्वचा हटाने की कोशिश न करें। ऐसा करने से संक्रमण का खतरा बढ़ सकता है।छाले बड़े हों, दर्द ज्यादा हो या जली हुई जगह हाथ, चेहरा, पैर अथवा किसी जोड़ पर हो, तो डॉक्टर से जांच कराएं। पटाखे से लगी चोट में केवल त्वचा ही नहीं, बल्कि आसपास के ऊतकों को भी नुकसान हो सकता है।

पटाखे से आंख या चेहरे पर चोट लगे तो क्या करें?
पटाखे की चिंगारी या विस्फोट से आंखों और चेहरे पर गंभीर चोट लग सकती है। अगर आंख में चोट लगी है, नजर धुंधली हो रही है, तेज दर्द है या आंख से खून आ रहा है, तो तुरंत अस्पताल के आपातकालीन विभाग में जाएं।
आंख को रगड़ें नहीं, उस पर दबाव न डालें और उसमें कोई घरेलू पदार्थ या बिना सलाह की दवा न डालें। अगर विस्फोट से चेहरे पर गंभीर चोट लगी है, तो इसे मामूली जलन समझकर नजरअंदाज न करें।

कब तुरंत अस्पताल जाना जरूरी है?
पटाखे से जलने पर निम्न स्थितियों में तुरंत चिकित्सकीय सहायता लें।
1-चेहरा, आंख, हाथ, पैर या जननांग जल गए हों।
त्वचा सफेद, काली या सुन्न दिखाई दे।
जलने का क्षेत्र बड़ा हो या गहरे घाव बने हों।
2-तेज दर्द, सूजन या संक्रमण के लक्षण दिखाई दें।
पटाखे के विस्फोट से चोट, खून बहना या सांस लेने में परेशानी हो।
3-बच्चों और बुजुर्गों के जलने पर विशेष सावधानी बरतें। गंभीर चोट की स्थिति में घरेलू उपचार आजमाने में समय न गंवाएं।

दिवाली पर पटाखे जलाते समय रखें सावधानी
पटाखे हमेशा खुली जगह पर जलाएं और बच्चों को अकेले आतिशबाजी न करने दें। पानी और प्राथमिक उपचार की जरूरी सामग्री पास रखें। फटे नहीं ऐसे पटाखे को दोबारा जलाने की कोशिश न करें।
याद रखें पटाखे से जलने पर सबसे जरूरी कदम है प्रभावित हिस्से को करीब 20 मिनट तक ठंडे बहते पानी से ठंडा करना और गंभीर चोट में तुरंत चिकित्सा सहायता लेना। सही समय पर प्राथमिक उपचार से नुकसान कम करने में मदद मिल सकती है।