कुरुक्षेत्र (हरियाणा) के हलालपुर गांव में 45 लाख रुपये की धोखाधड़ी से आहत किसान लाभ सिंह ने जहरीला पदार्थ निगल लिया था। पीजीआई में इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर परिजनों ने दो दिन तक शव का अंतिम संस्कार नहीं किया, लेकिन पुलिस के आश्वासन के बाद मामला शांत हुआ।

कृष्ण कुमार सैनी, चंडीगढ़/कुरुक्षेत्र। हरियाणा के मुख्यमंत्री के निर्वाचन क्षेत्र लाडवा के हलालपुर गांव में एक बेहद दुखद घटना सामने आई है। यहाँ के निवासी किसान लाभ सिंह ने जमीन के नाम पर हुई धोखाधड़ी (Fraud) से परेशान होकर 5 अप्रैल को जहरीला पदार्थ निगल लिया था। चंडीगढ़ पीजीआई (PGI) में कई दिनों तक जिंदगी और मौत की जंग लड़ने के बाद आखिरकार उन्होंने दम तोड़ दिया। मौत से पहले दिए अपने बयान में लाभ सिंह ने संदीप पजेंटा और मेघराज नाम के व्यक्तियों पर गंभीर आरोप लगाए थे। उन्होंने बताया कि आरोपियों ने उनसे जमीन के बदले करीब 45 लाख रुपये ले लिए थे, लेकिन न तो जमीन के कागजात दिए और न ही पैसे वापस किए, बल्कि उल्टा और पैसों की मांग कर रहे थे।

परिजनों का गुस्सा और पुलिस की कार्रवाई

किसान की मौत के बाद गुस्साए परिजनों और ग्रामीणों ने आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर शव का अंतिम संस्कार करने से साफ इनकार कर दिया। दो दिनों तक गांव में भारी तनाव बना रहा और परिजनों ने पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए। परिजनों का कहना था कि अगर पुलिस शिकायत के वक्त ही सख्त कदम उठाती, तो शायद लाभ सिंह को यह आत्मघाती कदम नहीं उठाना पड़ता। इस गतिरोध को खत्म करने के लिए पुलिस के उच्च अधिकारी मौके पर पहुंचे और परिजनों को जल्द से जल्द सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया, जिसके बाद भारी मन से अंतिम संस्कार किया गया।

आरोपियों की तलाश में जुटी टीमें

इस पूरे मामले में पुलिस अब एक्शन मोड में नजर आ रही है। डीएसपी निर्मल सिंह ने बताया कि लाभ सिंह के बयान के आधार पर मामला दर्ज कर लिया गया है। आरोपियों को पकड़ने के लिए सीआईए (CIA) लाडवा, सीआईए-वन और स्थानीय थाना पुलिस की अलग-अलग टीमें लगातार छापेमारी कर रही हैं। पुलिस का दावा है कि आरोपियों के सभी संभावित ठिकानों पर दबिश दी जा रही है और उन्हें बहुत जल्द सलाखों के पीछे भेजा जाएगा। इस घटना के बाद से इलाके के किसानों में भारी रोष व्याप्त है।