पटना। देश में कमर्शियल एलपीजी (LPG) सिलेंडर की कीमतों में हुई भारी बढ़ोतरी ने एक नया राजनीतिक विवाद खड़ा कर दिया है। मोदी सरकार द्वारा लिए गए इस फैसले पर तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कांग्रेस ने इसे आम आदमी और छोटे व्यापारियों की कमर तोड़ने वाला कदम बताया है। कांग्रेस प्रवक्ताओं का कहना है कि यह आर्थिक बोझ मध्यकालीन भारत के ‘जजिया टैक्स’ से भी कहीं अधिक दमनकारी और क्रूर है।

​’पकौड़ा तलो’ योजना पर सरकार का प्रहार

​बिहार कांग्रेस के प्रवक्ता असित नाथ तिवारी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर तंज कसते हुए कहा कि पीएम अक्सर युवाओं को स्वरोजगार के रूप में ‘पकौड़ा तलने’ की सलाह देते हैं। लेकिन विडंबना यह है कि जिस कमर्शियल सिलेंडर पर पकौड़ा तला जाता है, उसकी कीमतों में सरकार ने रिकॉर्ड बढ़ोतरी कर दी है। तिवारी ने आरोप लगाया कि एक तरफ सरकार आत्मनिर्भरता की बात करती है, वहीं दूसरी तरफ छोटे दुकानदारों के ईंधन को इतना महंगा कर रही है कि उनका धंधा चौपट हो जाए।

​महंगाई की मार: अब ₹20 में मिलेगी एक कप चाय

​कांग्रेस का दावा है कि कमर्शियल सिलेंडर के दाम बढ़ने का सीधा असर आम जनता की जेब पर पड़ेगा। असित नाथ तिवारी के अनुसार, अब मामूली ठेले पर मिलने वाली चाय की कीमत भी बढ़कर 20 रुपये तक पहुंच सकती है। उन्होंने कहा कि छोटे दुकानदार अपनी लागत निकालने के लिए खाने-पीने की चीजों के दाम बढ़ाने पर मजबूर होंगे, जिसका अंतिम बोझ गरीब जनता को ही उठाना पड़ेगा। कांग्रेस ने चेतावनी दी है कि जनता इस ‘आर्थिक जुल्म’ का जवाब आने वाले समय में जरूर देगी।

​’छोटू’ सिलेंडर भी हुआ पहुंच से बाहर

​इस मूल्य वृद्धि का सबसे बड़ा झटका 5 किलो वाले फ्री ट्रेड एलपीजी (FTL) सिलेंडर को लगा है, जिसे ‘छोटू’ सिलेंडर के नाम से जाना जाता है। 1 मई से प्रभावी हुई नई दरों के अनुसार:

  • ​FTL सिलेंडर की कीमत: 261 रुपये की भारी बढ़ोतरी के साथ अब यह 813.50 रुपये का हो गया है।
  • ​पुरानी कीमत: पहले इसकी रिफिल के लिए महज 552.50 रुपये देने होते थे।
  • ​प्रभावित वर्ग: इस सिलेंडर का उपयोग मुख्य रूप से प्रवासी मजदूर, छात्र और छोटे रेहड़ी-पटरी वाले करते हैं, जिनके पास स्थायी पता नहीं होता।

​ऑनलाइन गेमिंग रूल्स 2026 और अन्य बदलाव

​सिलेंडर की कीमतों के साथ-साथ देश में ‘ऑनलाइन गेमिंग रूल्स 2026’ भी प्रभावी हो गए हैं, जो डिजिटल अर्थव्यवस्था और मनोरंजन क्षेत्र को प्रभावित करेंगे। हालांकि, राहत की बात यह है कि 5 किलो वाले घरेलू सिलेंडर के दाम फिलहाल 339 रुपये पर स्थिर रखे गए हैं। फिर भी, कमर्शियल गैस में हुई लगभग 1000 रुपये तक की कुल वृद्धि ने बाजार में खलबली मचा दी है।