औरंगाबाद। जिले के अंबा थाना क्षेत्र के परता गांव के पास बटाने नदी में डूबने से लगभग 65 वर्षीय एक बुजुर्ग की जान चली गई। मृतक की पहचान अंबा थाना क्षेत्र के ही भलुआड़ी खुर्द गांव के रहने वाले सुकन यादव के रूप में हुई है। इस अचानक हुई दुर्घटना से पूरे इलाके में शोक की लहर दौड़ गई है, वहीं परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
भैंस को बाहर निकालने के दौरान हुआ दर्दनाक हादसा
प्राप्त जानकारी के अनुसार, सुकन यादव शुक्रवार को बटाने नदी के पास अपनी भैंस चरा रहे थे। इसी दौरान उनकी एक भैंस अनजाने में नदी के पानी में उतर गई। बुजुर्ग ने अपनी मवेशी को सुरक्षित बाहर निकालने और उसे वापस मोड़ने का निर्णय लिया। इस नेक नीयत से वह खुद भी नदी में उतर पड़े।
शुरुआती आशंका यही जताई जा रही है कि नदी के उस हिस्से में अचानक गहरा गड्ढा या जलभराव होने के कारण उनका संतुलन बिगड़ गया और वह गहरे पानी में चले गए। आसपास मौजूद कुछ प्रत्यक्षदर्शियों ने जब बुजुर्ग को डूबते हुए देखा, तो उनके होश उड़ गए। उन्होंने तुरंत अपनी जान जोखिम में डालकर बुजुर्ग को बचाने और नदी से बाहर निकालने का भरसक प्रयास किया, लेकिन विडंबना यह रही कि तब तक बहुत देर हो चुकी थी और उनकी सांसें थम चुकी थीं।
ग्रामीणों की कड़ी मशक्कत
घटनास्थल पर मौजूद ग्रामीणों ने काफी सूझबूझ और कड़ी मशक्कत के बाद बुजुर्ग के शव को नदी से सुरक्षित बाहर निकाला। शव बाहर आते ही पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई और देखते ही देखते घटनास्थल पर स्थानीय लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई।
घटना की सूचना मिलते ही अंबा थाना की पुलिस हरकत में आई। थानाध्यक्ष पवन कुमार के नेतृत्व में एक पुलिस टीम तुरंत मौके पर पहुंची और पूरे मामले की गंभीरता से जानकारी ली। पुलिस ने घटनास्थल का मुआयना करने के बाद आवश्यक कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी है। थानाध्यक्ष पवन कुमार ने मीडिया को जानकारी दी कि शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजने की प्रक्रिया पूरी की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों की आधिकारिक पुष्टि हो सकेगी, जिसके बाद शव को अंतिम संस्कार के लिए परिजनों को सौंप दिया जाएगा।
परिवार में पसरा मातम और सुरक्षा को लेकर सबक
सुकन यादव की इस आकस्मिक और मौत की खबर जैसे ही उनके घर पहुंची, परिवार में कोहराम मच गया। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और इस सदमे से पूरा परिवार गहरे शोक में डूबा हुआ है। गांव के अन्य लोगों ने भी पीड़ित परिवार के प्रति अपनी गहरी संवेदना व्यक्त की है।
स्थानीय निवासियों का कहना है कि बटाने नदी में कई स्थानों पर खतरनाक गहरे गड्ढे बने हुए हैं, जिसकी वजह से इस मौसम में नदी के अंदर उतरना बेहद जोखिम भरा साबित हो सकता है। बुजुर्ग के साथ हुआ यह हादसा एक बार फिर यह सोचने पर मजबूर करता है कि नदी या जलाशयों के पास मवेशियों को चराते या पानी पिलाते समय कितनी अधिक सावधानी और सतर्कता बरतने की आवश्यकता है।

