परवेज आलम, बगहा। मद्यनिषेध विशेष न्यायाधीश राजीव कुमार द्विवेदी की अदालत ने हत्यारोपी रुदल राय को 10 साल की सश्रम कारावास और 50 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। यह फैसला शराबबंदी वाले बिहार में न्याय व्यवस्था की कड़ाई को दर्शाता है।

​क्या था पूरा मामला

यह घटना वर्ष 2023 की है जब रामनगर थाना क्षेत्र के छठियाघाट निवासी रुदल राय ने नशे की हालत में कमरुल नेशा के साथ मारपीट की थी। आरोपी ने महिला को खींचकर पीसीसी सड़क पर पटक दिया, जिससे उसके सिर में गंभीर चोटें आईं। इलाज के दौरान अस्पताल में महिला की मौत हो गई। इस संबंध में रामनगर थाना कांड संख्या 177/23 दर्ज किया गया था।

​अदालत का फैसला और धाराओं का शिकंजा

विशेष लोक अभियोजक (मद्यनिषेध) अनवर हुसैन अंसारी ने बताया कि अभियोजन पक्ष द्वारा पेश किए गए साक्ष्यों के आधार पर अदालत ने आरोपी को दोषी पाया। अदालत ने स्पष्ट किया कि 50 हजार रुपये का जुर्माना न भरने पर दोषी को छह महीने का अतिरिक्त साधारण कारावास भुगतना होगा।

कानून का डर और समाज में संदेश

विशेष लोक अभियोजक ने उम्मीद जताई है कि इस ऐतिहासिक फैसले से समाज में एक कड़ा संदेश जाएगा और लोग शराब के नशे में इस तरह की हिंसा करने से डरेंगे। अदालत के इस कदम को क्षेत्र में कानून का राज स्थापित करने की दिशा में एक अहम कड़ी माना जा रहा है।