अजय शास्त्री, बेगूसराय। जिले के नीमा चांदपुरा थाना क्षेत्र के चितरंजन चौक स्थित सार्वजनिक दुर्गा स्थान के पास मेला परिसर में अचानक गोली चल गई। इस घटना के बाद मौके पर भगदड़ मच गई और अफरा-तफरी का माहौल पैदा हो गया। हालांकि, स्थानीय ग्रामीणों की सूझबूझ और साहस के चलते मुख्य आरोपी को मौके पर ही दबोच लिया गया, जिससे एक बड़ी अप्रिय घटना टल गई।

​मेला परिसर में गोलीबारी से मची भगदड़

​दुर्गा पूजा के पावन अवसर पर चितरंजन चौक के पास स्थित सार्वजनिक दुर्गा स्थान पर मेला देखने के लिए भारी भीड़ जुटी हुई थी। इसी दौरान अचानक हुई गोलीबारी की आवाज से वहां मौजूद लोगों में हड़कंप मच गया। लोग अपनी जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे। लेकिन, इस दहशत के बीच कुछ साहसी और आक्रोशित ग्रामीणों ने हिम्मत दिखाते हुए गोली चलाने वाले युवक को घेर लिया और मौके पर ही धर दबोचा। गुस्साए लोगों ने आरोपी की जमकर पिटाई करने के बाद उसे पुलिस के हवाले कर दिया।

​देसी कट्टा बरामद और प्राथमिकी दर्ज

​सूचना मिलते ही नीमा चांदपुरा थाना की पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रण में लिया। पुलिस ने ग्रामीणों द्वारा पकड़े गए आरोपी के पास से एक देसी कट्टा भी बरामद किया है। गिरफ्तार किए गए युवक की पहचान नीमा चांदपुरा थाना क्षेत्र के रहने वाले वैद्यनाथ सिंह उर्फ बैजू सिंह के पुत्र जीतन कुमार उर्फ जीतू के रूप में हुई है। इस मामले में पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए लगभग आधा दर्जन नामजद आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली है। थानाध्यक्ष विवेक कुमार ने जानकारी दी है कि गिरफ्तार मुख्य आरोपी को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है, जबकि अन्य संलिप्त आरोपियों की तलाश जारी है।

​सुरक्षा व्यवस्था पर उठे गंभीर सवाल और आगे की जांच

​सार्वजनिक और भीड़भाड़ वाले मेला परिसर में सरेआम हथियार लहराना और गोली चलना स्थानीय पुलिस प्रशासन की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवालिया निशान खड़े करता है। मेले जैसे संवेदनशील आयोजनों में इस तरह की आपराधिक गतिविधियों का होना कानून-व्यवस्था की पोल खोलता है। हालांकि, गोलीबारी के पीछे की असली वजह क्या थी और क्या इस घटना में कोई घायल हुआ है या नहीं, इसका आधिकारिक खुलासा पुलिस गहनता से जांच के बाद ही कर पाएगी। फिलहाल, पुलिस मामले के हर एक पहलू की गहराई से पड़ताल कर रही है ताकि इसमें शामिल अन्य चेहरों को भी बेनकाब किया जा सके।