बेगूसराय, अजय कुमार शास्त्री। बिहार के बेगूसराय जिले में एक महिला के साथ होटल के कमरे में हथियार के बल पर दुष्कर्म, मारपीट और आपत्तिजनक वीडियो बनाकर वायरल करने के मामले में पुलिस को एक बहुत बड़ी कामयाबी हाथ लगी है। इस जघन्य वारदात के मुख्य आरोपी रोहित कुमार सहनी को पुलिस ने समस्तीपुर जिले के मोहद्दीनगर से गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तारी के बाद वह नेपाल भागने की फिराक में था, लेकिन उससे पहले ही पुलिस ने उसे दबोच लिया।

​कैसे हुई मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी?

​इस मामले में पुलिस ने सबसे पहले एक अन्य आरोपी विक्रम कुमार सहनी को बेगूसराय नगर थाना क्षेत्र से गिरफ्तार किया था। विक्रम से पूछताछ के दौरान पुलिस को कुछ अहम इनपुट मिले थे, जिसके आधार पर मुख्य आरोपी रोहित की तलाश तेज कर दी गई थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसटीएफ और स्थानीय पुलिस की कई विशेष टीमें बनाई गई थीं। तकनीकी सर्विलांस की मदद से आरोपी की हर गतिविधि पर पैनी नजर रखी जा रही थी। इसी बीच पुलिस को गुप्त सूचना मिली कि रोहित समस्तीपुर के मोहद्दीनगर बाजार में छिपा हुआ है और वहां से फरार होने की तैयारी में है। सूचना मिलते ही नगर थानाध्यक्ष सतीश कुमार हिमांशु के नेतृत्व में विशेष टीम ने इलाके की घेराबंदी कर उसे धर दबोचा।

​भागने की कोशिश में घायल हुआ आरोपी

​गिरफ्तारी के बाद जब पुलिस टीम आरोपी रोहित को लेकर बेगूसराय लौट रही थी, तब सुल्तानपुर के पास उसने पेशाब करने का बहाना बनाकर गाड़ी रोकने को कहा। जैसे ही पुलिस वाहन की रफ्तार धीमी हुई, आरोपी ने अचानक गाड़ी से छलांग लगाकर भागने का प्रयास किया। पुलिसकर्मियों ने तुरंत उसका पीछा किया, लेकिन गाड़ी से कूदने के कारण उसके दाहिने पैर के घुटने में गंभीर चोटें आ गईं।

​अस्पताल में इलाज और आगे की कार्रवाई

​घायल अवस्था में आरोपी को पहले बछवाड़ा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उसे बेगूसराय सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया। फिलहाल पुलिस की कड़ी निगरानी में उसका इलाज चल रहा है।
​बेगूसराय के एसपी मनीष ने बताया कि वायरल वीडियो मामले में दोनों नामजद आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है। इलाज पूरा होने के बाद रोहित से विस्तृत पूछताछ की जाएगी। पुलिस यह भी खंगाल रही है कि इस घटना के पीछे और कौन-कौन लोग शामिल हैं और वीडियो को किन-किन प्लेटफॉर्म्स पर शेयर किया गया था। पुलिस की यह कार्रवाई समाज में अपराधियों के खिलाफ एक कड़ा संदेश देती है।