पटना। बिहार विधान परिषद की चार स्नातक और चार शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों की आठ सीटों पर मंगलवार को वोटों की गिनती शुरू हो गई है। मतगणना के लिए पटना, दरभंगा, मुजफ्फरपुर, पूर्णिया और सारण समेत निर्धारित केंद्रों पर व्यवस्था की गई है। इन सीटों पर 23 अक्टूबर को मतदान हुआ था, जिसमें कुल 150 प्रत्याशियों की किस्मत मतपेटियों में बंद हो गई थी। अब मतगणना के साथ ही उम्मीदवारों और राजनीतिक दलों की निगाहें नतीजों पर टिकी हैं।

पटना में स्नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों की मतगणना बांकीपुर राजकीय बालिका उच्च माध्यमिक विद्यालय परिसर में हो रही है। यहां दोनों निर्वाचन क्षेत्रों के लिए अलग-अलग व्यवस्था की गई है। स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के मतों की गिनती के लिए 14 टेबल, जबकि शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के लिए 7 टेबल लगाए गए हैं। मतगणना केंद्र पर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। प्रत्याशियों के समर्थक भी नतीजों को लेकर उत्सुक हैं। जेडीयू के स्नातक सीट के प्रत्याशी नीरज कुमार के समर्थक मतगणना केंद्र के भीतर तिलक लगाकर जाते नजर आए।

सुबह से रुझान, स्नातक सीट का परिणाम आने में लग सकता है समय

अधिकारियों के मुताबिक, सुबह 9 बजे से चुनावी रुझान मिलने की संभावना है। शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र का परिणाम अपेक्षाकृत पहले आ सकता है, जबकि स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के नतीजे में अधिक समय लगने की आशंका है। इसकी वजह स्नातक सीट पर मतदाताओं की संख्या और मतगणना की प्रक्रिया है।

इन चुनावों में वरीयता के आधार पर मतदान हुआ है। पहले प्रथम वरीयता के मतों की गिनती की जाएगी। यदि किसी प्रत्याशी को निर्धारित कोटा हासिल नहीं होता है, तो नियमों के अनुसार आगे की वरीयताओं के मतों की गिनती और हस्तांतरण की प्रक्रिया अपनाई जा सकती है। ऐसे में स्नातक सीट का परिणाम देर शाम तक आने की संभावना जताई जा रही है।

नीरज कुमार और अनुज सिंह के मुकाबले पर नजर

पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के नतीजे पर राजनीतिक हलकों की खास नजर है। यहां जेडीयू के नीरज कुमार और जन सुराज पार्टी के अनुज सिंह के बीच मुकाबला चर्चा में है। मतगणना के दौरान दोनों प्रत्याशियों के समर्थक नतीजों का इंतजार कर रहे हैं।

वहीं, तिरहुत स्नातक और तिरहुत शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों की मतगणना मुजफ्फरपुर स्थित एमआईटी परिसर के प्रशासनिक भवन में हो रही है। अन्य निर्वाचन क्षेत्रों के लिए भी निर्धारित मतगणना केंद्रों पर वोटों की गिनती की व्यवस्था की गई है। इन आठ सीटों के नतीजे बिहार विधान परिषद में अलग-अलग दलों और प्रत्याशियों की स्थिति स्पष्ट करेंगे।

RJD ने निष्पक्ष और पारदर्शी मतगणना की मांग की

मतगणना से एक दिन पहले राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) ने चुनाव आयोग को पत्र लिखकर पूरी प्रक्रिया निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से कराने के लिए दिशा-निर्देश जारी करने की मांग की थी। पार्टी ने कहा था कि संदिग्ध मतपत्रों पर फैसला प्रथम वरीयता के मतों की गिनती शुरू होने से पहले किया जाना चाहिए।

आरजेडी ने मतपत्रों पर अतिरिक्त निशान लगाने से रोकने और वायलेट पेन के इस्तेमाल पर प्रतिबंध लगाने की मांग भी की थी। पार्टी ने चंडीगढ़ मेयर चुनाव का हवाला देते हुए मतपत्रों से छेड़छाड़ की आशंका को लेकर सतर्कता बरतने की अपील की थी।

वीडियोग्राफी और CCTV फुटेज सुरक्षित रखने की मांग

आरजेडी ने मतपत्रों को वैध या अवैध घोषित करने के लिए सभी अधिकारियों से समान नियमों का पालन कराने की मांग की थी। इसके साथ ही मतगणना की वीडियोग्राफी कराने और सीसीटीवी फुटेज सुरक्षित रखने का अनुरोध किया गया था।

पार्टी ने प्रत्याशियों के एजेंटों को किसी भी गड़बड़ी पर आपत्ति दर्ज कराने का अवसर देने और अंतिम परिणाम घोषित करने से पहले मतों तथा आंकड़ों का मिलान करने की मांग भी उठाई थी। अब मतगणना के दौरान इन प्रक्रियाओं और चुनाव आयोग की व्यवस्था पर भी नजर रहेगी।