पटना। बिहार से दक्षिण-पश्चिम मानसून की वापसी की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है, लेकिन कुछ सक्रिय मौसमी प्रणालियों के प्रभाव से मौसम में मिला-जुला असर देखने को मिल रहा है। मौसम विभाग ने आज प्रदेश के 18 जिलों में बारिश का येलो अलर्ट जारी किया है, साथ ही कुछेक स्थानों पर आकाशीय बिजली गिरने की भी चेतावनी दी गई है। हालांकि, राजधानी पटना समेत अन्य क्षेत्रों में मौसम आमतौर पर सामान्य और गर्म बना रहेगा।
मानसून की वापसी और सक्रिय सिस्टम
मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार, मानसून की वापसी की रेखा वर्तमान में सुपौल से होकर गुजर रही है। इसके साथ ही समुद्र तल से लगभग 0.9 किलोमीटर ऊपर उत्तर-पूर्व बिहार से उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी तक एक ट्रफ लाइन बनी हुई है, जो झारखंड और पश्चिम बंगाल के मैदानी इलाकों से गुजर रही है।
इसके अलावा, दक्षिण बिहार से विदर्भ तक पूर्वी मध्य प्रदेश से होते हुए एक अन्य ट्रफ लाइन भी सक्रिय है। इन मिले-जुले मौसमी प्रभावों के कारण राज्य के कुछ चुनिंदा हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश की संभावना बनी हुई है, जबकि अन्य जगहों पर भारी बारिश की कोई उम्मीद नहीं है।
पटना और अन्य जिलों का हाल
राजधानी पटना में आज मौसम मुख्य रूप से गर्म और उमस भरा रहने की संभावना है। दिनभर धूप और छांव का सिलसिला चल सकता है, जिससे अधिकतम तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस तक की बढ़ोतरी दर्ज की जा सकती है। बीते 24 घंटों के दौरान मुंगेर, गयाजी, बांका और मोतिहारी जैसे कुछ जिलों में हल्की बारिश दर्ज की गई है।
छह जिलों में अभी भी बाढ़ का कहर
एक तरफ जहां मानसून की विदाई की आहट है, वहीं दूसरी तरफ राज्य के 6 जिलों के करीब 466 गांव आज भी बाढ़ की विभीषिका झेल रहे हैं। इन इलाकों के लगभग 8 लाख लोग बाढ़ से प्रभावित हैं। राहत की बात यह है कि पटना में गंगा नदी का जलस्तर अब धीरे-धीरे घटने लगा है, लेकिन सारण जिले में बाढ़ का असर अभी भी सबसे ज्यादा गंभीर बना हुआ है। आने वाले दिनों में मानसून के पूरी तरह लौटने के साथ ही राज्य के अधिकांश हिस्सों में मौसम के पूरी तरह सामान्य होने की उम्मीद है।

