पटना। बिहार में निवेशकों और व्यापारियों के लिए व्यापार को सुगम बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया गया है। पटना में उद्योग विभाग द्वारा नया सिंगल विंडो क्लीयरेंस पोर्टल लॉन्च किया गया है, जिसका मुख्य उद्देश्य ‘ईज ऑफ डूइंग बिजनेस’ (EoDB) को बढ़ावा देना है। इसे मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और उद्योग मंत्री श्रेयसी सिंह के मार्गदर्शन में तैयार किया गया है तथा उद्योग विभाग के सचिव कुंदन कुमार ने इसका शुभारंभ किया।
एक ही छत के नीचे 9 विभागों की 62 सेवाएं
इस नए डिजिटल प्लेटफॉर्म के आने से निवेशकों को अलग-अलग सरकारी विभागों के चक्कर लगाने से मुक्ति मिल जाएगी। इस पोर्टल पर फिलहाल 9 प्रमुख विभागों की 62 सेवाएं एक ही जगह पर उपलब्ध कराई गई हैं।
- प्रमुख विभाग: इसमें बिहार राज्य प्रदूषण नियंत्रण पर्षद, उत्पाद एवं निबंधन, विधिक माप विज्ञान, जल संसाधन, अग्निशमन, ऊर्जा (DISCOM), पर्यावरण एवं वन, पथ निर्माण और राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग शामिल हैं।
- डिजिटल सुविधाएं: निवेशक इस पोर्टल के माध्यम से अपने प्रोजेक्ट के लिए जरूरी मंजूरियों की ऑनलाइन जानकारी ले सकेंगे, लाइसेंस के लिए आवेदन कर सकेंगे, दस्तावेज अपलोड कर सकेंगे और अपने आवेदन की लाइव स्टेटस भी ट्रैक कर सकेंगे।
Know Your Approval मॉड्यूल की खासियत
इस पोर्टल की सबसे बड़ी विशेषता इसका Know Your Approval (KYA) मॉड्यूल है। इसकी मदद से निवेशक आसानी से यह जान सकते हैं कि उन्हें अपना कारोबार शुरू करने से पहले किन-किन सरकारी मंजूरियों की आवश्यकता होगी। जानकारी मिलने के बाद वे पोर्टल से ही सीधे उन मंजूरियों के लिए ऑनलाइन आवेदन भी कर सकते हैं, जिससे पूरी प्रक्रिया बेहद पारदर्शी और तेज हो जाती है।
आवेदन से पहले पूरी सहायता और पारदर्शिता
यह पोर्टल केवल आवेदन करने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह निवेशकों को शुरुआती स्तर पर भी पूरा सहयोग प्रदान करता है।
- विशेष सुविधाएं: पोर्टल पर ‘Register Your Intent’, ‘Strategic Partnership’ और ‘Investor Facilitation’ जैसी बेहतरीन सुविधाएं दी गई हैं।
- अधिकारियों से संपर्क: इसके जरिए निवेशक आवेदन करने से पहले ही जिला या विभाग स्तर के अधिकारियों से संपर्क करने के लिए अपॉइंटमेंट ले सकते हैं और अधिकारियों की संपर्क जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।
उद्योग निदेशक मुकुल कुमार गुप्ता के अनुसार, इस पहल का उद्देश्य अनावश्यक प्रशासनिक प्रक्रियाओं को कम करना और निवेशकों को बिना किसी परेशानी के सभी जरूरी मंजूरियां दिलाना है। कुल मिलाकर, यह पोर्टल बिहार में निवेश के माहौल को डिजिटल और पारदर्शी बनाने में मील का पत्थर साबित होगा।


