कुलदीप सिंह, फतेहपुर. जनपद के गाजीपुर थाना क्षेत्र में प्रशासन की नाक के नीचे चल रहे एक बड़े अवैध कारोबार का पर्दाफाश हुआ है. यहां प्रसिद्ध ब्रांड ‘विमल’ गुटखा के नाम से एक अवैध फैक्ट्री का संचालन किया जा रहा था, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है. वीडियो सामने आने के बाद पुलिस और प्रशासनिक महकमे में हड़कंप मच गया है.
बता दें कि यह अवैध फैक्ट्री पिछले काफी वक्त से बिना किसी वैध लाइसेंस या अनुमति के बेधड़क संचालित हो रही थी. यहां नकली और मिलावटी गुटखा तैयार कर न केवल स्थानीय स्तर पर, बल्कि आसपास के कई अन्य जिलों में भी इसकी बड़े पैमाने पर सप्लाई की जा रही थी. वायरल वीडियो में फैक्ट्री के भीतर चल रहे निर्माण और पैकेजिंग कार्य को साफ तौर पर देखा जा सकता है, जिससे इस धंधे की बड़े स्तर पर चल रही गतिविधियों की पुष्टि होती है.
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सबसे बड़ा सवाल यह उठ रहा है कि आखिर इतने बड़े पैमाने पर चल रही इस अवैध फैक्ट्री को किसका संरक्षण प्राप्त था ? स्थानीय लोगों में चर्चा है कि बिना किसी राजनीतिक या प्रशासनिक सहयोग के इस तरह का गोरखधंधा इतने लंबे समय तक चलना संभव नहीं है.
इस पूरे मामले की तह तक जाने और संरक्षणदाताओं के चेहरे बेनकाब करने के लिए अब संचालक के मोबाइल कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR) को खंगालने की मांग उठ रही है. बताया जा रहा है कि फैक्ट्री संचालक व्हाट्सएप कॉल और सामान्य फोन कॉल्स दोनों ही माध्यमों से अपने आकाओं और संरक्षकों के संपर्क में रहता था. यदि पुलिस और जांच एजेंसियां संचालक के मोबाइल की तकनीकी जांच करती हैं, तो इस अवैध कारोबार से जुड़े कई सफेदपोशों और भ्रष्ट अधिकारियों के नाम भी सामने आ सकते हैं. फिलहाल, वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस प्रशासन पर इस पर जल्द से जल्द सख्त कार्रवाई करने का भारी दबाव बन गया है.


