अनुज पांडेय, गोपालगंज। जिले के श्रीपुर थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले भटवलिया गांव में छह साल के एक मासूम बच्चे की हत्या कर दी गई। इस घटना के बाद से पूरे इलाके में शोक और दहशत का माहौल है। सोमवार की देर शाम बच्चे का क्षत-विक्षत शव गांव के समीप स्थित हथुआ शाखा गंडक नहर से बरामद किया गया। प्रारंभिक जांच-पड़ताल में यह आशंका जताई जा रही है कि हत्यारों ने मासूम का सिर कुचलकर उसकी जान ली और फिर साक्ष्यों को मिटाने के इरादे से शव को नहर में फेंक दिया। मृतक की पहचान भटवलिया गांव के निवासी वीरा माझी के छह वर्षीय बेटे विवेक कुमार के रूप में की गई है। इस घटना के बाद से पीड़ित परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है और पूरे गांव में मातम पसरा हुआ है।

​दोपहर से रहस्यमय ढंग से लापता था मासूम

​मिली जानकारी के अनुसार, छह वर्षीय विवेक कुमार सोमवार की दोपहर करीब तीन बजे अपने घर से अचानक लापता हो गया था। जब वह काफी देर तक वापस नहीं लौटा, तो परिजनों को चिंता हुई और उन्होंने उसकी तलाश शुरू कर दी। परिवार के सदस्यों और रिश्तेदारों ने आसपास के इलाकों में उसकी काफी खोजबीन की, लेकिन उसका कहीं कोई सुराग नहीं मिल सका। इसी बीच, देर शाम जब कुछ ग्रामीणों की नजर हथुआ शाखा गंडक नहर के पानी और किनारे पर पड़ी, तो उन्होंने वहां एक शव देखा। यह खबर फैलते ही पूरे इलाके में हड़कंप मच गया और घटनास्थल पर लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई। परिजनों ने मौके पर पहुंचकर शव की शिनाख्त अपने लापता बेटे विवेक के रूप में की। मासूम के शव को इस हालत में देखकर माता-पिता और अन्य परिजनों का रो-रोकर कलेजा फट पड़ा।

​सिर कुचलकर हत्या की आशंका

​शव की शारीरिक स्थिति को देखकर यह स्पष्ट अंदेशा जताया जा रहा है कि अपराधियों ने किसी अन्य सुरक्षित स्थान पर बच्चे की बेरहमी से सिर कुचलकर हत्या की होगी। इसके बाद उसकी पहचान छुपाने तथा पुलिस को गुमराह करने के लिए शव को गंडक नहर में लाकर फेंक दिया गया। हालांकि, इस जघन्य हत्याकांड के पीछे के वास्तविक कारणों का अभी तक खुलासा नहीं हो पाया है। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस तुरंत हरकत में आई और शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए गोपालगंज सदर अस्पताल भेज दिया।
​स्थिति की गंभीरता को भांपते हुए हथुआ एसडीपीओ राजेश कुमार भारी पुलिस बल के साथ तुरंत घटनास्थल पर पहुंचे और गहन छानबीन की। पुलिस अब आपसी रंजिश, अपहरण या अन्य सभी संभावित एंगल से मामले की बहुत बारीकी से जांच कर रही है। एसडीपीओ राजेश कुमार ने मीडिया को जानकारी देते हुए बताया कि पुलिस तकनीकी साक्ष्यों, फॉरेंसिक टीम के इनपुट्स और स्थानीय लोगों से प्राप्त जानकारियों के आधार पर आरोपियों की सुरागकशी में जुटी हुई है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में आश्वासन दिया है कि इस अमानवीय अपराध में संलिप्त दोषियों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा और पुलिस जल्द ही आरोपियों को कानून के शिकंजे में लाकर उन्हें कड़ी से कड़ी सजा दिलवाएगी।